लालू यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव ने तीसरे फ्रंट की घोषणा की…
बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर शुक्रवार को लालू यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव ने तीसरे फ्रंट की घोषणा की. नाम रखा- ‘बिहार गठबंधन’. इस गठबंधन में राष्ट्रवादी जनलोक पार्टी (सत्य) समेत कई छोटे दल शामिल हैं.
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पटना में राष्ट्रवादी जनलोक पार्टी (सत्य) के प्रवक्ता प्रकाश सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी कि तेजप्रताप यादव को सीएम का चेहरा बनाकर यह गठबंधन चुनाव लड़ेगा. सभी दल एक कॉमन मिनिमम प्रोग्राम पर चुनाव लड़ेंगे.
प्रकाश सिंह ने कहा कि भोजपुर सहित पूरे प्रदेश में 243 सीट पर इस गठबंधन को मजबूती से उतारने की तैयारी की जा रही है. प्रवक्ता ने दावा किया कि नया गठबंधन जनता की आवाज बनेगा और मजबूत विकल्प साबित होगा.
तेजस्वी ने BJP-JDU से पूछे 10 सवाल
बिहार में विधानसभा चुनाव से पहले सभी सियासी दलों के बीच इल्जाम प्रत्यारोप का दौर प्रारम्भ हो गया है. इसी क्रम में आज नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एक बार फिर नीतीश कुमार और बीजेपी पर तीखा धावा कहा है.
उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा कर भाजपा-जदयू गठबंधन गवर्नमेंट से दस बड़े प्रश्न पूछे. उन्होंने बोला कि, बीते 20 सालों की नीतीश कुमार की गवर्नमेंट और 11 सालों की डबल इंजन गवर्नमेंट ने बिहार की दो पीढ़ियों का जीवन बर्बाद कर दिया है.
JDU का जबाव- बिहार को विकास चाहिए, नौटंकी नहीं
भाजपा प्रवक्ता नीरज कुमार ने लिखा-, तेजस्वी यादव जी,
1. बिहार को सबसे गरीब राज्य बनाने का श्रेय लालू-राबड़ी के जंगल राज को जाता है, जहां विकास की स्थान करप्शन पनपा.
2. स्त्रियों की असुरक्षा की जड़ RJD के जंगल राज में है, जब क्रिमिनल खुलेआम घूमते थे और कानून का राज नहीं था. आज महिलाएं रात में भी बिना भय के घर से निकलती हैं.
3. स्वास्थ्य प्रबंध की बर्बादी RJD शासन की देन है, जहां अस्पतालों में रोगी नहीं कुत्ते घूमते थे.
4. क्राइम की बढ़ोतरी लालू राज में प्रारम्भ हुई, जब गुंडे-माफिया राजनेताओं के संरक्षण में फले-फूले.
5. करप्शन की नींव RJD ने डाली, जहां चारा घोटाले से लेकर हर योजना में लूट मची थी.
6. बेरोजगारी की विवशता लालू-राबड़ी के शासन की उपज है.
7. पलायन की विवशता RJD के जंगल राज से उपजी, जहां रोजगार के नाम पर केवल क्राइम और तानाशाही थी. आज पलायन में कमी आई है.
8. विद्यालय भवनों की कमी लालू शासन की विरासत है, जब शिक्षा बजट परिवार की जेब में जाता था. आज लगातार विद्यालय भवन बन रहे हैं. शिक्षकों की बहाली हो रही है.
9. नए उद्योग-धंधे न लगने का कारण RJD का करप्ट तंत्र है, जिसने निवेशकों को डराकर भगा दिया. आज भी निवेशक लालू राज को याद कर डरते हैं, लेकिन फिर भी निवेश आ रहा है.
10. शिक्षा प्रबंध की चौपट हालत RJD के जंगल राज की देन है, जहां विद्यालयों में पढ़ाई नहीं, केवल राजनीति होती थी. गुंडागर्दी सिखाया जाता था.

