किस पार्टी से कनेक्शन रखता है पहलगाम हमले पर विवादित बयान देने वाला विधायक…
महाराष्ट्र में पहली कक्षा से मराठी और अंग्रेजी विद्यालयों में हिंदी जरूरी करने के गवर्नमेंट के निर्णय के बाद विपक्ष समेत एमएनएस ने इसका विरोध किया. इसके बाद गवर्नमेंट ने इसे लागू करने का अपना आदेश वापस लिया. इसे लेकर टकराव थम चुका था की शिवसेना शिंदे गुट के विधायक ने पहलगाम हमले को लेकर एक और विवादित बयान दिया है.

बुलढ़ाना सीट से दूसरी बार के विधायक हैं गायकवाड़
संजय गायकवाड़ ने बोला कुछ सियासी दल हिंदी भाषा का विरोध करके राजनीति कर रहे हैं. हालांकि, हिंदी एक राष्ट्रीय भाषा है और हर स्थान बोली जाती है. मैं तो कहूंगा कि आतंकियों के संदेशों को समझने के लिए न सिर्फ़ हिंदी, बल्कि राज्य में उर्दू भी सिखाई जानी चाहिए. विधायक गायकवाड़ के इस बयान ने कई लोगों को चौंका दिया है. पहलगाम धावा मुसलमान आतंकवाद का चेहरा है, इसमें आतंकियों ने धर्म और लिंग की जांच कर गोलियां चलाईं, जो चौंकाने वाला है. इन आतंकियों को पकड़कर उनका सिर काट देना चाहिए, ऐसी मांग भी विधायक ने की .
महाराष्ट्र के बुलढाणा से शिवसेना के विधायक संजय गायकवाड़ अपने विवादास्पद बयानों के कारण अक्सर सुर्खियों में रहते हैं. उनके हालिया और पूर्व के कुछ प्रमुख टकराव इस प्रकार है-
1. राहुल गांधी की जीभ काटने पर ₹11 लाख का इनाम
सितंबर 2024 मेंए संजय गायकवाड़ ने कांग्रेस पार्टी नेता राहुल गांधी के आरक्षण संबंधी बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए बोला कि जो भी राहुल गांधी की जीभ काटेगाए उसे ₹11 लाख का पुरस्कार दिया जाएगा. इस बयान के बाद कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ताओं ने बुलढाणा थाने में प्रदर्शन किया और उनके विरुद्ध मुद्दा दर्ज किया गया.
2. कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ताओं को ‘कुत्ता’ कहा
गायकवाड़ ने एक कार्यक्रम में बोला कि यदि कोई ‘कांग्रेस का कुत्ता’ उनके कार्यक्रम में घुसने की प्रयास करेगा, तो वे उसे वहीं दफना देंगे. इस बयान ने सियासी हलकों में तीखी प्रतिक्रिया उत्पन्न की.
3. मतदाताओं की तुलना वेश्या से
जनवरी 2025 में, गायकवाड़ ने अपने क्षेत्र के मतदाताओं पर नाराजगी जताते हुए बोला कि वे शराब, मटन और ₹2,000 के लिए बिक जाते हैं. उन्होंने कहा, तुम्हें बस शराब, मटन और पैसे चाहिए. दो-दो हजार में बिक गए. उन्होंने मतदाताओं की तुलना वेश्या से की, जिससे व्यापक आलोचना हुई.
4. पुलिसकर्मी से कार धुलवाने का मामला
एक वीडियो वायरल हुआ जिसमें एक पुलिसकर्मी गायकवाड़ की कार धोता नजर आया. गायकवाड़ ने सफाई दी कि पुलिसकर्मी ने कार में उल्टी कर दी थी, इसलिए उसने स्वयं ही कार साफ की.
5. बाघ के शिकार का दावा
फरवरी 2024 में, गायकवाड़ ने दावा किया कि उन्होंने 1987 में एक बाघ का शिकार किया था. इस बयान के बाद वन विभाग ने उनके विरुद्ध वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के अनुसार मुद्दा दर्ज किया. इन विवादों के चलते संजय गायकवाड़ की छवि एक विवादास्पद नेता की बनी हुई है और उनके बयानों पर लगातार सियासी और सामाजिक प्रतिक्रियाएं सामने आती रही हैं.

