गोरखपुर में स्पीड टेस्ट में पास हुई थर्ड लाइन, अब फर्राटा दौड़ेगी ट्रेनें
गोरखपुर के कैण्ट-कुसम्ही रेल खण्ड पर बनी थर्ड रेल लाइन अपने ट्रायल रन में पास हो गयी है. अब ट्रेनें आउटर पर नहीं रुकेंगी. कुसम्ही के बाद सीधा कैंट स्टेशन उनका अगला स्टॉपेज होगा. इससे यात्रियों को तो सुविधा मिलेगी ही ट्रेनों का समय से संचालन होने से रेलवे को भी लाभ होगा.

सोमवार को उत्तर पूर्व सर्किल के रेल संरक्षा आयुक्त मनोज अरोड़ा ने अन्य ऑफिसरों के साथ इस नयी रेल लाइन का निरीक्षण किया. उन्होंने गोरखपुर जंक्शन और गोरखपुर कैंट के बीच मेजर पुल संख्या 176 का भी निरीक्षण किया.
इस परियोजना के पूर्ण हो जाने से गोरखपुर कैण्ट स्टेशन सेटेलाइट स्टेशन के रूप में विकसित हो गया. अब यहां लाइनें और प्लेटफार्म की संख्या बढ़ गई है. जिससे यहां से अधिक ट्रेनों को चलाया जा सकेगा. थर्ड लाइन बन जाने से ठीक समय पर ट्रेनें स्टेशन पर पहुंच जाएंगी. इसके साथ ही इस रेल खण्ड पर चलने वाली गुड्स ट्रेनों के समय में भी कमी आयेगी. जो व्यापारियों के लिए उपयोगी होगा.
रेल संरक्षा आयुक्त मनोज अरोड़ा ने गोरखपुर कैंट रेलवे स्टेशन पर तीसरी नयी विद्युतीकरण रेल लाइन के मानक के अनुरूप संरक्षा अभिलेखों, यार्ड प्लान, स्टेशन वर्किंग रूल, प्लेटफार्म क्लीयरैंस, पॉइंट क्रासिंग, सिगनलिंग, फाउलिंग मार्क, पैनल इंटरलॉकिंग, बैटरी रूम, रिले रूम सहित गोरखपुर कैंट कुसम्ही रेलखण्ड को जोड़ने वाली लाइन के ट्रेलिंग प्वाइंट का भी निरीक्षण किया.
120 किलोमीटर की गति से दौड़ी ट्रेन
रेल संरक्षा आयुक्त मनोज अरोड़ा ने नवनिर्मित तीसरी लाइन पर सीआरएस स्पेशल ट्रेन से कुसम्ही से गोरखपुर कैण्ट रेल खण्ड का अधिकतम 120 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से गति ट्रायल करवाया. जिसमें ट्रेन ने थर्ड लाइन पर टेस्ट पास कर लिया. मंगलवार से इस पर सभी ट्रेनों का संचालन किया जाएगा.

