बिहार

Viral Attack in Bihar: गले में संक्रमण और खांसी की समस्या लोगों को कर रहा परेशान

Viral Attack in Bihar: पटना. पहाड़ी इलाकों में हो रही बर्फबारी का असर राजधानी पटना में भी दिखने लगा है. न्यूनतम तापमान में गिरावट होने के कारण लोगों की स्वास्थ्य पर इसका प्रतिकूल असर पड़ रहा है. सुबह और शाम में बढ़ी हुई नमी और दिन में धूप के कारण सर्द-खांसी और बुखार जैसी मौसमी रोंगों के मुद्दे तेजी से बढ़ रहे हैं. वायरल संकमण का भी प्रकोप बढ़ गया है. बुखार ठीक होने के बाद भी गले में संकमण और खांसी की परेशानी लोगों को परेशान कर रही है. पीड़ितों का बोलना है कि खांसी का सिलसिला लगभग 10 दिनों तक बना रहता है, जिसका स्वास्थ्य पर काफी असर पड़ रहा है.

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आइजीआइएमएस और पीएमसीएच में भीड़

पटना के पमुख अस्पतालों जैसे पीएमसीएच, आइजीआइएमएस, पटना एम्स, एनएमसीएच और न्यू गार्डिनर रोड हॉस्पिटल की ओपीडी में खांसी और गले मे दर्द से परेशान रोगियों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. डॉक्टर्स के अनुसार, तापमान में उतार-चढ़ाव के कारण सीजनल वायरल रोंगों के रोगियों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुआ है. इन रोगों में बुखार, खांसी, सिरदर्द, जुकाम और जोड़ों के दर्द जैसी समस्याएं आम है.

ओपीडी में बढ़ी रोगियों की संख्या

डॉक्टरो के अनुसार, पटना के लगभग हर पांचवे घर मे मौसमी बीमारियो के रोगी पाए जा रहे है. पीएमसीएच और आइजीआइएमएस जैसी पमुख अस्पतालो की ओपीडी मे मरीजो की संख्या 30 से 35 पतिशत तक बढ़ चुकी है.पीएमसीएच के मेडिसिन विभाग मे प्रतिदिन 160 से अधिक रोगी गले मे दर्द और खांसी की परेशानी लेकर पहुंच रहे है. न्यू गार्डिनर रोड हॉस्पिटल के अधीकक डॉ मनोज कुमार सिन्हा ने बोला कि वायरल रोंगों से बचाव के लिए ठंडी चीजों से बचना चाहिए और दवाइयां लेने पर 3-4 दिनों में आराम मिल जाता है. वहीं पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ आइएस ठाकुर ने बोला कि सर्द, खांसी, बुखार, दस्त और एलर्जी के मरीजो की संख्या मे लगभग 40 पतिशत तक बढ़ोतरी हुई है. मौसम में तापमान में अंतर के कारण वायरल रोंगों के रोगियों की संख्या बढ़ी है.

पैरा-इन्फ्लूएन्जा वायरस से बढ़ रही परेशानी

पटना में आजकल वायरल फीवर और पैरा इन्फ्लूएंजा वायरस के रोगी लगातार बढ़ते जा रहा है. वायरल बुखार अक्सर इन्फ्लूएंजा या पैरा इन्फ्लूएंजा वायरस के कारण होता है, जो हवा के जरिए शरीर में प्रवेश करता है़ इस वायरस से गले मे खराश, जुकाम और सिरदर्द जैसी समस्याएं होती हैं. पीएमसीएच में दिखाने आये रोगी विशेशर राणा ने बोला कि सात दिनों से गले में दर्द और खांसी हो रही है. आरंभ में मेडिकल स्टोर से दवाइयां ली, लेकिन आराम नही मिला. फिर आइजीआइएमएस में चिकित्सक को दिखाया. वहीं भर्ती अब्बास ने बोला कि बुखार के बाद जॉइंट पेन, सर्द और गले में दर्द हो रहा है. चिकित्सक ने मौसमी रोग बताकर दवाइयां दी है. चिकित्सक का बोलना है कि यह बदलते मौसम का असर है.

 

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