अब किस ओर बढ़ेंगे लालू-तेजस्वी…
पटना। आरजेडी (RJD) राष्ट्रीय कार्यकारिणी बैठक की तारीख घोषित होते ही राजद के प्रदेश अध्यक्ष के बदले जाने की चर्चा खूब ज़ोर पकड़ रही है। दरअसल 18 जनवरी को होनी वाली राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में आरजेडी को नया अध्यक्ष मिल सकता है। आरजेडी राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में वैसे तो कई फैसला लिए जाएंगे लेकिन, इस दिन राजद प्रदेश अध्यक्ष का बदला जाना भी लगभग तय बताया जा रहा है। हालांकि RJD के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद ही रहेंगे, यह पहले से तय है।

यहां यह भी साफ है कि स्वास्थ्य कारणों से लालू प्रसाद पार्टी का नियमित काम देखने के लिए कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव को ही को बनाए रखेंगे। लेकिन, बात प्रदेश अध्यक्ष की करे तो RJD सूत्रो से मिली जानकारी के अनुसार जगदानंद सिंह स्वास्थ्य और अधिक उम्र के कारण अब फिर से प्रदेश अध्यक्ष पद संभालने की स्थिति में नहीं हैं। विधानसभा उपचुनाव में हार के बाद डेढ़ महीने तक वह कार्यालय भी नहीं आ रहे थे। दरअसल 2020 विधानसभा चुनाव के बाद राज्य में 10 सीटों पर हुए उपचुनाव में राजद की 9 सीटों पर हार हुई है। आरजेडी मात्र एक सीट बोचहां ही जीत पाया है।
इन चार नामों पर हो रहा मंथन
ऐसे में अब RJD आलाकमान जगदानंद सिंह की स्थान पर 4 नामों पर विचार कर रही है। सूत्रों के मुताबिक पसमांदा अकलियत समाज से इसरायल मंसूरी, दलित रविदास जाति से शिवचंद्र राम, दलित पासवान जाति से कुमार सर्वजीत और पिछड़ा कुशवाहा जाति से आलोक कुमार मेहता की कार्यशैली पर मंथन प्रारम्भ है। इन चारों की गिनती लालू परिवार के करीबी और समर्पित नेताओं में होती है राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में पंचायत से लेकर राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की तिथि तय होगी।
अक्टूबर-नवंबर में होना बिहार विधानसभा चुनाव
बता दें, अक्टूबर-नवंबर में बिहार विधानसभा का चुनाव प्रस्तावित है। ऐसे में किसी भी सूरत में अगस्त-सितंबर तक RJD का नया प्रदेश अध्यक्ष चुना जाना तय है। EBC और दलित वोटों को अपनी तरफ करने के लिए RJD बूथ स्तर पर काम कर रहा है। बूथ स्तरीय संगठन को क्रियाशील करने की प्रयास पहले से जारी है। ऐसे में अब चुनावी वर्ष में किस पर राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू यादव और तेजस्वी यादव किस पर भरोसा जताते हैं यह देखना होगा।

