जानें किस रंग का पासपोर्ट किसके लिए किया जाता है जारी…
Indian Passport Facts: पासपोर्ट किसी आदमी की एक वैध आईडी प्रूफ होता है. साथ ही यह अंतर्राष्ट्रीय यात्रा करने के लिए महत्वपूर्ण डॉक्यूमेंट्स है. पासपोर्ट के बिना किसी राष्ट्र में प्रवेश नहीं किया जा सकता. यदि आपको किसी अन्य राष्ट्र में जाना है तो सबसे पहले पासपोर्ट और फिर उस राष्ट्र के वीजा की आवश्यकता होगी. भारतीय पासपोर्ट दुनिया के सबसे शक्तिशाली पासपोर्ट की लिस्ट में शामिल है. वर्ष 2025 में, हैनली पासपोर्ट इंडेक्स के मुताबिक, भारतीय पासपोर्ट दुनिया में 85वें नंबर पर था. इस रैंकिंग में राष्ट्रों को उनकी वीजा-मुक्त पहुंच के आधार पर आंका जाता है. भारतीय पासपोर्ट के जरिए 57 राष्ट्रों में वीजा फ्री यात्रा की जा सकती है. वहीं, कुछ राष्ट्रों में हिंदुस्तानियों के लिए वीजा ऑन अराइवल की सुविधा भी दी जाती है.

भारत गवर्नमेंट नीला, मरून, सफेद और नारंगी रंग के पासपोर्ट जारी करती है. जानते हैं कि किस रंग का पासपोर्ट किसके लिए जारी किया जाता है और उस पर क्या सुविधाएं मिलती हैं? हिंदुस्तान गवर्नमेंट नीले रंग का पासपोर्ट राष्ट्र के आम नागरिकों के लिए जारी करती है. वहीं, सफेद रंग का पासपोर्ट सरकारी कामकाज से विदेश जाने वालों को मिलता है. इसके अतिरिक्त भारतीय डिप्लोमेट्स और वरिष्ठ सरकारी ऑफिसरों के लिए मरून पासपोर्ट जारी किया जाता है. कम पढ़े लोगों और मजदूर के तौर पर विदेश जाने वालों के लिए नारंगी रंग का पासपोर्ट जारी किया जाता है. पासपोर्ट को आईडेंटिटी का सबसे परफेक्ट डॉक्यूमेंट्स माना जाता है. क्योंकि इसे केंद्र गवर्नमेंट लंबी प्रक्रिया के बाद जारी करती है, इसमें तमाम तरह के वैरिफिकेशन होते हैं. पासपोर्ट जारी होने के बाद भारतीय नागरिक उस पर किसी भी राष्ट्र का वीजा लगवाकर यात्रा कर सकता है.
क्या है मरून पासपोर्ट की खासियत
भारतीय राजनयिकों और वरिष्ठ सरकारी ऑफिसरों के लिए मरून पासपोर्ट जारी किया जाता है. इस कैटेगरी में भारतीय डिप्लोमैट्स, आईएएस और आईपीएस रैंक के वरिष्ठ सरकारी अधिकारी शामिल होते हैं. इस पासपोर्ट का धारक विदेश में हिंदुस्तान का प्रतिनिधित्व करता है. इसका रंग इसे अतिविशिष्ट बना देता है. इस पासपोर्ट के धारक को विदेश में एम्बेसी से लेकर यात्रा के दौरान कई अतिरिक्त सुविधाएं दी जाती हैं. सबसे खास बात है कि मरून पासपोर्ट के धारक को दूसरे राष्ट्रों में जाने के लिए वीजा की आवश्यकता नहीं पड़ती है. यही नहीं, इमिग्रेशन भी सामान्य लोगों की तुलना में तेजी और सरलता से होता है. विदेश में इस पासपोर्ट के धारक के विरुद्ध मुकदमा दर्ज करना भी आसान नहीं होता है. क्योंकि उनको डिप्लोमेटिक इम्युनिटी मिली हुई होती है.
व्हाइट पासपोर्ट
किनको मिलता है सफेद पासपोर्ट
सरकारी कामकाज से विदेश यात्रा करने वाले ऑफिसरों के लिए सफेद पासपोर्ट जारी किया जाता है. ये पासपोर्ट सरकारी ऑफिसरों का प्रतिनिधित्व करता है. कस्टम चेकिंग के समय उनके साथ सरकारी ऑफिसरों की तरह ही बर्ताव किया जाता है. यानी उनको वीआईपी प्रोटोकॉल मिलता है. सफेद पासपोर्ट के लिए आवेदक को अलग से एक एप्लीकेशन देनी पड़ती है. इसमें उसे बताना पड़ता है कि उसे इस पासपोर्ट की आवश्यकता क्यों है? सफेद पासपोर्ट रखने वालों को अलग से कई सुविधाएं भी मिलती हैं.
नीला पासपोर्ट
क्या होता नीले पासपोर्ट में
आम भारतीय नागरिकों के लिए नीले रंग का पासपोर्ट जारी किया जाता है. आम हिंदुस्तानियों को सरकारी ऑफिसरों और राजनयिकों से अलग रखने के लिए हिंदुस्तान गवर्नमेंट ने पासपोर्ट के रंगों में अंतर रखा है. इससे कस्टम ऑफिसर्स और दूसरे राष्ट्र में एयरपोर्ट कर्मियों को सरलता होती है. हर पासपोर्ट की तरह इसमें भी धारक का नाम, बर्थडेट, बर्थप्लेस लिखा होता है. इसके अतिरिक्त इसमें धारक की तस्वीर, हस्ताक्षर और उससे जुड़ी दूसरी जानकारियां होती हैं.
नारंगी पासपोर्ट
माइग्रेंट लेबरर के लिए नारंगी पासपोर्ट
भारत गवर्नमेंट नारंगी रंग का पासपोर्ट उन भारतीय नागरिकों के लिए जारी करती है, जो केवल 10वीं तक ही पढ़े हों. ये पासपोर्ट ज्यादातर उन हिंदुस्तानियों के लिए जारी किया जाता है, जो विदेश में माइग्रेंट लेबरर के तौर पर काम करने के लिए जाते हैं. नारंगी पासपोर्ट वालों को दिशानिर्देश समझने के लिए किसी की सहायता की दरकार होती है. नारंगी पासपोर्ट पर भी धारक के बारे में फोटो समेत पूरी जानकारी दर्ज होती है. इन पासपोर्ट के जरिये भारतीय 57 राष्ट्रों में वीजा फ्री ट्रैवल कर सकते हैं. जिनमें अंगोला, भूटान, बोलिविया, फिजी, हैती, केन्या, मॉरिशस, श्रीलंका और कतर जैसे राष्ट्र शामिल हैं. अपने पिछले रिकॉर्ड के अनुसार इस वर्ष हिंदुस्तान की रैंक गिरी है. वो पांच पायदान नीचे आ गया है. इस वर्ष हिंदुस्तान को 85वां जगह मिला है. जबकि पिछले वर्ष वो 80वें जगह पर था.
कितने दिन में बनता है पासपोर्ट
अगर आपको तुरंत पासपोर्ट की आवश्यकता है तो एक सप्ताह के भीतर तुरन्त पासपोर्ट बनाने की भी सुविधा है. रेग्युलर पासपोर्ट की तरह ही इसमें सारी जानकारियां औनलाइन भरनी होती हैं. दूसरे एक फर्स्ट क्लास गजेटेड ऑफिसर की तरफ से वेरिफिकेशन देना होता है. वह ऑफिसर वेरिफाई करता है कि वह आवेदक को जानता है. तुरन्त पासपोर्ट लागू करने के तीन से सात दिन के अंदर मिल जाता है, जबकि सामान्य कैटिगरी का पासपोर्ट बनने में 10 से 13 दिन लगते हैं.

