दोबारा डीपफेक का शिकार हुईं आलिया भट्ट, यूजर्स बोले…
आलिया भट्ट का डीपफेक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. ये दूसरी बार है जब आलिया का डीपफेक वीडियो सामने आया है. समीक्षा अवतार नाम की एक यूजर ने इंस्टाग्राम पर वीडियो अपलोड किया है. इस वीडियो को अब तक 17 मिलियन से अधिक बार देखा जा चुका है. समीक्षा अवतार ने अपने इंस्टाग्राम बायो में लिखा है, ‘एआई का इस्तेमाल करके बनाए गए सभी वीडियो सिर्फ़ एंटरटेनमेंट के लिए बनाए गए हैं. डीपफेक वीडियो में आलिया भट्ट को ब्लैक कुर्ता पहने हुए दिखाया गया है, वो रेडी हो रही हैं. पूरे क्लिप में वो कैमरे के सामने मेकअप करती नजर आ रही हैं.

डीपफेक वीडियो पर यूजर्स का रिएक्शन
आलिया के डीपफेक वीडियो पर कई सोशल मीडिया यूजर्स अपना रिएक्शन दे रहे हैं. कुछ लोगों ने लिखा- मुझे लगा ये वाकई आलिया हैं. वहीं कुछ लोगों ने वीडियो देखते ही पकड़ लिया कि ये AI द्वारा बनाई गई है. इससे ये पता चलता है कि सोशल मीडिया यूजर्स AI को लेकर जागरुक हैं. कई यूजर्स का बोलना है कि AI बहुत घातक होता जा रहा है|
आलिया के पहले डीपफेक वीडियो में एक लड़की व्हाइट एंड ब्लू फ्लोरल ड्रेस पहने बोल्ड पोज देती नजर आई थी. वीडियो में इतनी सफाई से AI टूल की सहायता से आलिया का चेहरा इस्तेमाल हुआ था कि एक नजर में वो लड़की आलिया भट्ट ही लग रही थी. हालांकि उसके एक्शन और बॉडी पोस्चर से यूजर्स ने अंदाजा लगा लिया था कि ये वीडियो फेक है. आलिया से पहले भी कई एक्ट्रेसेस की डीपफेक वीडियो बन चुकी हैं. इसकी आरंभ रश्मिका मंदाना ने हुई थी. रश्मिका मंदाना का डीपफेक वीडियो वायरल होने के बाद अमिताभ बच्चन, मृणाल ठाकुर, नाग चैतन्य जैसे कई सेलेब्स उनके सपोर्ट में उतरे थे.
कुछ समय पहले काजोल का एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वो कपड़े बदलती दिखी थीं. फैक्ट चेक में सामने आया कि वो एक डीपफेक वीडियो था, जिसे एक इन्फ्लूएंसर ने जून में बनाया था.
डीपफेक एक तरह से फेक वीडियो ही है, हालांकि इसमें इतनी बारीकी से AI टूल का इस्तेमाल कर चेहरा, आवाज या एक्सप्रेशन बदला जाता है कि वास्तविक और नकली में फर्क पहचानना कठिन होता है. डीपफेक वीडियो के मुद्दे AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) टूल्स आने से अधिक बढ़ गए हैं, क्योंकि इन टूल के जरिए सरलता से वीडियो एडिट किए जा सकते हैं.
सबसे पहले डीपफेक में फेस मॉर्फिंग होती है, जिससे किसी एक आदमी के शरीर में किसी दूसरे आदमी का चेहरा जोड़ा जाता है. चेहरा बदलने के साथ-साथ किसी आदमी के कपड़े, एक्सप्रेशन और आवाज से भी छेड़छाड़ की जा सकती है.
इस तरह की टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल ज्यादातर पोर्न साइट में किया जाता है. किसी आदमी की तस्वीरों को न्यूड फोटोज में बदलकर उन्हें इन साइट्स में अपलोड किया जाता है. डीपफेक के आने से आइडेंटिटी का खतरा काफी बढ़ गया है.

