अकेले जिंदगी बिताकर बढ़ गया अलका याज्ञनिक का दर्द, कहा- मेरे नसीब में शायद….
मशहूर प्लेबैक सिंगर अलका याग्निक ने तीन माह पहले एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिये कहा था कि उन्हें रेयर न्यूरो डिसीज हो गई है। इसकी वजह से वो सुन नहीं पा रही हैं। 17 जून को अलका ने अपने इंस्टाग्राम एकाउंट पर यह जानकारी दी थी। सिंगर ने बोला था कि मैं चाहती हूं कि आप मुझे अपनी दुआओं में याद रखें। मुम्बई फिल्म इंडस्ट्री को कई बेहतरीन गाने देने वालीं अलका निजी जीवन को लेकर भी सुर्खियों में रहती हैं। उनकी लव स्टोरी भी किसी फिल्म की स्क्रिप्ट से कम नहीं है। सुरीली आवाज से दुनिया पर राज करने वाली अलका ने 1989 में व्यवसायी नीरज कपूर से विवाह की थी। वह 36 वर्ष से पति से अलग रही हैं।

सुरों की मल्लिका अलका यागनिक ने एक साक्षात्कार में अपनी लव स्टोरी के बारे में कहा था। अलका ने कहा कि उनके माता-पिता नीरज से विवाह के विरुद्ध थे। मैं मुंबई में रहती थी और नीरज का शिलॉन्ग में बिजनेस है। दोनों विवाह करने की जिद पर अड़ गए तो पैरेंट्स ने हार मान ली और विवाह करा दी। विवाह के बाद वही हुआ, जिसका डर था। दोनों कभी साथ नहीं रह पाए।
दूरदर्शन सह्याद्रि को दिए एक खास साक्षात्कार में अलका याज्ञनिक ने बताया, ‘मेरे पति नीरज कपूर बिजनेसमैन है। मेघालय की राजधानी शिलॉन्ग में उनका घर है। हमारे पहले से फैमिली कनेक्शन थे। नीरज की चाची मेरे मम्मी की क्लासमेट रही हैं। मैं उन्हें मौसी कहती हूं। नीरज मौसी के भतीजे हैं। उन्हीं के घर पर हमारी पहली मुलाकात हुई थी। हम दोनों को प्यार हो गया। फिर बात ये उठी कि वह मुंबई में नहीं रहते हैं। वो शिलॉन्ग में रहते हैं। मेरे माता-पिता ने प्रारम्भ में इस संबंध पर ऐतराज जताया। उनका बोलना था कि ये कैसे हो सकता है कि वो शिलॉन्ग में रहें और मैं मुंबई में रहूं। मैं अपने करियर के लिए मुंबई में थी। दोनों पैरेंट्स ने बोला कि यह विवाह संभव नहीं है। दोनों भिन्न-भिन्न रहेंगे, यह कैसे हो सकता है?’
अलका यागनिक आगे बताती हैं, ‘हम लोगों ने विवाह की जिद पकड़ ली। दोनों की जिद देखकर परिवारवाले झुक गए और विवाह हो गई। लॉन्ग डिस्टेंस वाला सिलसिला चलता रहा। प्रारम्भ में तय हुआ था कि एक माह मैं शिलॉन्ग में रहूंगी तो एक माह नीरज मुंबई में रहेंगे। मैंने विवाह 1989 में की थी। फिर मेरा करियर अचानक से इतना तेजी से आगे बढ़ा कि मुंबई से एक दिन के लिए दूर जा पाना संभव नहीं हो पाया।‘
यह पूछे जाने पर जब प्यार हुआ तो दोनों मिलते कैसे थे, इस राज का खुलासा करते हुए अलका ने बताया, ‘प्यार हुआ और दो माह बाद ही हमारी विवाह हो गई थी। हम लोग रात में टेलीफोन पर बातें किया करते थे। जब लंबा-चौड़ा बिल आया तो मां ने पकड़ लिया। हालांकि तब तक बहुत देर हो चुकी थी। मैंने तय कर लिया था कि मुझे नीरज से ही विवाह करनी है। हम दोनों के बीच जो प्यार हुआ वो नाममुकिन सी बात थी। पर कहते हैं न कि प्यार अंधा होता है। वही मेरे साथ हुआ। विवाह मुंबई में हुई थी। विवाह के बाद करीब एक माह तक हम साथ रहे, फिर वो अपने रास्ते और मैं अपने रास्ते।‘
अपनी शादीशुदा जीवन के राज खोलते हुए अलका ने बताया, ‘हम लोग पूरी जीवन भिन्न-भिन्न शहर में ही रहे। कई बार तो हम दोनों के बीच इतना गैप हो जाता है कि जानने-समझने में ही दो-चार दिन लग जाते हैं। पूरी जीवन यही चलता रहा। कई बार लगता है कि मैं अपने पति के साथ और समय गुजार सकती थी। वो कहते हैं कि एक कलाकार के पीछे बहुत से लोगों का हाथ होता है। मेरे पैरेंट्स ने बहुत सपोर्ट किया ही, मेरे सफलता में मेरे पति का भी बहुत बड़ा हाथ है।‘
अलका याज्ञनिक ने आगे बताया, ‘परफेक्ट मैरिज का फॉमूला किसी के पास नहीं है। जहां नसीब में लिखा होगा, विवाह वहीं होती है। मेरी एक ही बेटी है। बेटी-बेटा का कोई चक्कर नहीं था। हां एक और बच्चे के बारे में सोचा था लेकिन शायद एक ही बेटी मेरे नसीब में थी। वो 10 के बराबर है। अच्छा ही हुआ कि दूसरी संतान पैदा नहीं हुई। मेरी बेटी हाइपर सक्रिय है।‘

