पंजाबी गायक जगसीर सिंह को नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने अफीम तस्करी मामले में किया गिरफ्तार
हरियाणा के सिरसा जिले से ताल्लुक रखने वाले पंजाबी गायक जगसीर सिंह उर्फ काला उर्फ बाज सरन को नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने 36.150 किलोग्राम अफीम की स्मग्लिंग के एक पुराने मुद्दे में अरैस्ट कर लिया है. लंबे समय से फरार चल रहे इस सिंगर को अरैस्ट कर लिया गया है.

2016 से था भगोड़ा घोषित
बाज सरन को वर्ष 2016 में इस मुद्दे में भगोड़ा घोषित कर दिया गया था. गिरफ्तारी से बचने के लिए वो लगातार अपनी पहचान और जगह बदलता रहा. इस दौरान उसने सोशल मीडिया पर स्वयं को एक उभरते गायक के तौर पर पेश किया और यूट्यूब और इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर अच्छी खासी फैन फॉलोइंग बना ली. कहा जा रहा है कि उसके इंस्टाग्राम पर 32 हजार से अधिक फॉलोअर्स हैं.
मई 2025 में जारी हुआ पोस्टर और इनाम
एनसीबी ने मई 2025 में उसकी तलाश को लेकर एक बड़ा कदम उठाया. राष्ट्र के प्रमुख अखबारों में उसकी तस्वीर और जानकारी छापी गई, साथ ही उसकी गिरफ्तारी में सहायता करने वाले को 50,000 का पुरस्कार भी घोषित किया गया. इस अभियान का ही नतीजा रहा कि आखिरकार उसे अरैस्ट किया जा सका.
कई सालों से छिप-छिप कर बदलता रहा जगह
सूत्रों के मुताबिक, बाज सरन पिछले करीब एक दशक से देशभर में जगह-जगह छिपकर रह रहा था. उसने न केवल अपनी पहचान बदली बल्कि नाम और लुक्स में भी परिवर्तन कर पुलिस और जांच एजेंसियों को चकमा देने की प्रयास की.
NCB की चंडीगढ़ जोनल यूनिट की बड़ी कार्रवाई
इस पूरे ऑपरेशन को एनसीबी की चंडीगढ़ जोनल यूनिट ने अंजाम दिया. अफसरों ने ये कार्रवाई हरियाणा के सिरसा में की, जहां से बाज सरन को पकड़ा गया. गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. चौंकाने वाली बात यह है कि जिस दौरान वह कानून से भाग रहा था, उसी समय उसने अपने गानों और वीडियो के जरिए सोशल मीडिया पर फेम हासिल किया.

