रवि किशन : पुरुष भी होते हैं यौन शिकारियों का शिकार
रवि किशन, जिन्होंने हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में स्वयं को स्थापित करने के अलावा, 450 से अधिक भोजपुरी फिल्मों में अभिनय की है। अपनी बहुत बढ़िया अभिनय और डायलॉग डिलीवरी के लिए पहचाने जाने वाले रवि किशन ने हाल ने हाल ही में कास्टिंग काउच को लेकर बात की। उन्होंने कहा कैसे वो टीनऐज में अपना गांव छोड़कर मायानगरी मुंबई में पहुंचे। इस दौरान कुछ लोगों ने उनका लाभ उठाने की प्रयास की, लेकिन उन्होंने संयम नहीं खोया

रवि किशन ने यूट्यूब पर शुभंकर मिश्रा के साथ एक साक्षात्कार में बात की। उनसे पूछा गया कि क्या यह सच है कि मुंबई फिल्म इंडस्ट्री में पुरुष भी यौन शिकारियों का शिकार होते हैं? इसके उत्तर में उन्होंने बोला केवल स्त्रियों ही नहीं, पुरुष भी यौन शिकारियों का शिकार होते हैं।
कुछ लोग आपका फायदा…
रवि किशन ने कहा, ‘जब आप युवा और अच्छे दिखने वाले होते हैं, जब आप फिट होते हैं लेकिन आपके पास पैसे नहीं होते हैं, तो कुछ लोग आपका लाभ उठाने की प्रयास करते हैं। ऐसा केवल फिल्मों में ही नहीं, बल्कि कई क्षेत्रों में होता है। वे अपना हाथ आजमाते हैं और आशा करते हैं कि यह काम करेगा।’
सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं
उन्होंने आगे बोला कि मैंने अपने यंग दिनों में इसका काफी सामना किया है। मैं दुबला था, मेरे लंबे बाल थे, मैंने बाली पहनी थी। मैं सभी को बताना चाहूंगा कि कामयाबी का कोई शॉर्टकट नहीं होता। मैं ऐसे कई लोगों को जानता हूं, जिन्होंने ऐसे शॉर्टकट अपनाने की प्रयास की है और उन्हें इसके लिए बहुत पछतावा हुआ है। वे लोग फिर किसी एडिक्शन में पड़ जाते हैं या फिर अपनी जीवन समाप्त कर देते हैं।
‘अपने समय का प्रतीक्षा करें, सब्र रखे’
रवि किशन ने बोला कि उन्होंने शॉर्टकट अपनाने की स्थान संयम बनाए रखना चुना और कामयाबी और स्टारडम के लिए आसान रास्ता नहीं चुना। उन्होंने कहा, ‘मैंने शॉर्टकट ढंग से किसी को स्टार बनते नहीं देखा। अपने समय का प्रतीक्षा करें, सब्र रखे। मैं स्वयं को कहता था कि एक दिन सूरज मेरे लिए उगेगा। 90 के दशक में मेरे सभी दोस्त, अक्षय कुमार और अजय देवगन, वे सुपरस्टार बन गए। लेकिन मैंने अपने समय का प्रतीक्षा किया।

