रान्या राव मामले में कहां से संबंध रखते हैं सूत्र…
Gold Smuggling Case: कन्नड़ अदाकारा और सीनियर आईपीएस अधिकारी की बेटी रान्या राव का मुकदमा अब काफी आगे बढ़ गया है और जांच में नए नए खुलासे सामने आ रहे हैं। यह सब तब हुआ जब उन्हें बेंगलुरु अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 14.8 किलोग्राम सोने की स्मग्लिंग के इल्जाम में अरैस्ट किया गया है। राजस्व खुफिया निदेशालय ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सोने की अब तक की सबसे बड़ी बरामदगी में से एक को अंजाम दिया। जब रान्या राव एयरपोर्ट सुरक्षा जांच से बस एक कदम दूर थीं तभी ऑफिसरों ने उन्हें धर दबोचा। मुद्दे की गंभीरता को देखते हुए उन्हें आर्थिक क्राइम न्यायालय में पेश किया गया। जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इसी बीच कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं।

दुबई से लगातार यात्रा।। हर बार एक ही कपड़े!
असल में जांच में सामने आया है कि रान्या राव ने 15 दिनों के अंदर ही चार बार दुबई की यात्रा की थी। सुरक्षा एजेंसियों को संदेह तब हुआ जब यह पता चला कि वह हर बार एक ही कपड़े पहनकर यात्रा कर रही थीं। ऑफिसरों को पहले से इनपुट था जिसके आधार पर उन्होंने 3 मार्च 2025 को दुबई से लौटने के बाद उन्हें पकड़ लिया। तलाशी में 14.8 किलोग्राम सोने की छड़ें उनकी बॉडी पर छिपाई गई थीं बरामद की गईं। जब उनके लैवेल रोड बेंगलुरु स्थित घर की तलाशी ली गई तो वहां से 2.06 करोड़ रुपये की सोने की ज्वेलरी और 2.67 करोड़ रुपये नकद भी बरामद किए गए।
तस्करी के तार कहां जुड़ रहे हैं?
इस पूरे मुद्दे ने सियासी हलकों में भी हलचल मचा दी है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस स्मग्लिंग काण्ड में एक बड़े सियासी चेहरे का नाम भी सामने आ सकता है। बेंगलुरु के एक प्रमुख ज्वेलरी बुटीक से जुड़े सबूत जांच के घेरे में हैं। जहां से कथित तौर पर स्मग्लिंग का यह सोना खरीदा गया था। जांच में यह भी सामने आया है कि इन गहनों की खरीदारी किसी प्रभावशाली राजनेता के लिए की गई थी और अब अधिकारी इस मुद्दे में पेमेंट ट्रेल की जांच कर रहे हैं।
परिवार ने क्या कहा?
उधर रान्या राव के पिता और कर्नाटक पुलिस हाउसिंग कॉर्पोरेशन के डीजीपी के रामचंद्र राव ने इस मुद्दे पर निराशा जताई है। उन्होंने बोला कि रान्या की विवाह चार महीने पहले हुई थी और तब से उसने हमसे संपर्क नहीं किया। हमें उसकी या उसके पति के बिजनेस के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। उन्होंने आगे बोला कि मेरे पूरे करियर में कोई दाग नहीं है और मैं कानून को अपना काम करने दूंगा।
ब्लैकमेलिंग का दावा।। लेकिन जांच जारी
पूछताछ में रान्या राव ने दावा किया है कि उन्हें ब्लैकमेल करके सोने की स्मग्लिंग के लिए विवश किया गया। हालांकि जांच एजेंसियों को संदेह है कि यह एक संगठित रैकेट का हिस्सा हो सकता है जो दुबई और हिंदुस्तान के बीच सोने की स्मग्लिंग में लिप्त है। कर्नाटक के गृह मंत्री जी परमेश्वर ने इस पूरे मुद्दे की गहराई से जांच के आदेश दिए हैं और रिपोर्ट तलब की है। फिलहाल DRI की टीम और पुलिस अधिकारी यह पता लगाने में जुटे हैं कि रान्या राव इस स्मग्लिंग नेटवर्क में अकेली थीं या उनके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क काम कर रहा था।

