अमिताभ बच्चन ने क्यों लिखा इतना दर्द भरा संदेश, चिंता में आए फैंस…
बॉलीवुड के ‘शहंशाह’ यानी अमिताभ बच्चन अकसर अपनी पोस्ट से फैंस को सकते में डाल देते हैं। सोशल मीडिया पर सक्रिय 83 वर्ष के अमिताभ बच्चन भले कुछ भूल जाए, लेकिकन ब्लॉग लिखना नहीं भूलते। देर रात तक जागने वाले अमिताभ रात में अपने दिल की जज्बातों को शेयर करते हैं। हाल ही में उन्होंने अपने ब्लॉग पर एक रहस्यमयी नोट लिखा, जिसमें बदलते समय और लोगों के परिवर्तन पर गहरी बातें कीं। इन बातों को पढ़ने के बाद फैंस दंग हैं और पूछ रहे हैं कि आखिर इतना दर्द भरा संदेश किसके लिए है?

अमिताभ बच्चन ने एक बार फिर एक रहस्यमय नोट लिखकर फैंस और सोशल मीडिया यूजर्स को चिंता में डाल दिया है। उन्होंने बदलते समय और बदलते लोगों पर एक नोट शेयर किया है, जिसको पढ़ने के बाद फैंस दंग हैं।
‘समय बदलता है, लोग बदल जाते हैं…’
बिग बी ने एपने ब्लॉग की आरंभ अपने पिता हरिवंश राय बच्चन की कविता कुछ लाइनों के साथ किया। उन्होंने लिखा- ‘तुमने हमें पूज पूज कर पत्थर कर डाला, वो जो हम पर जुमले कसते हैं , हमें जिंदा तो समझते हैं।’ उन्होंने आगे लिखा- ‘समय बदलता है… दुनिया बदलती है… रवैया, आदतें बदलती हैं… संस्कृति बदलती है… लोग बदल जाते हैं… जो लोग ‘तब’ थे, वे अब नहीं हैं… और जल्द ही जो लोग ‘अब’ हैं, वे ‘तब’ के संदर्भ बन जाएंगे।’
अतीत में जीना बेकार
उन्होंने आगे बोला कि अतीत में जीना बेकार है और उसे केवल एक याद के तौर पर संजोकर रखना चाहिए। इसके बाद उन्होंने अपने पिता और मशहूर कवि हरिवंश राय बच्चन की कविता की पंक्तियां की बात की और बोला कि इसकी प्रासंगिकता आज भी बनी हुई है।
‘क्रिएटिव जीनियस’ खो दिया
शुक्रवार को बिग बी ने विज्ञापन जगत के कद्दावर पियूष पांडे की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया। ‘एक क्रिएटिव जीनियस… सबसे मिलनसार दोस्त और गाइड… हमें छोड़ गया… शोक के शब्द नहीं… पीयूष पांडे आज सुबह चले गए… उनके क्रिएटिव वर्क हमेशा अमर रहेंगे।’
कोर्टरूम थ्रिलर से कल्कि 2 तक
वर्कफ्रंट की बात करें तो अमिताभ ‘सेक्शन 84’ का प्रतीक्षा कर रहे हैं। ऋभु दासगुप्ता निर्देशित कोर्टरूम थ्रिलर में अभिषेक बनर्जी और निमरत कौर भी हैं। इसके अलावा, नाग अश्विन की ‘कल्कि 2’ में अश्वत्थामा के रोल में वापसी करेंगे। 2898 ईस्वी में सेट साइ-फाई और पौराणिक कथा का मिश्रण, दिसंबर से इसकी शूटिंग प्रारम्भ होगी

