इस उपाय से सिरदर्द होगा ख़त्म
देहरादून : काम की भागदौड़ में आदमी पूरी तरह से बदल गया है. आजकल भागदौड़ की जीवन और अनियमित दिनचर्या की वजह से हमें रोंगों के आने से रोक पाना एक बहुत बड़ी चुनौती है. इन दिनों खराब रूटीन और जीवनशैली के चलते कई तरह की समस्याएं जन्म ले रही है. हमारे इर्द-गिर्द उपस्थित गैजेट्स भी हमको प्रभावित करते हैं. लगातार टीवी, मोबाइल या लैपटॉप पर देखने से आपकी आंखों पर असर पड़ता है, जिसके चलते कई बार माइग्रेन (सिरदर्द) की समस्याएं उभरने लगती है. माइग्रेन का दर्द कई बार इतना अधिक हो जाता है कि काम करना और सोना तक कठिन हो जाता है. लोग इस दौरान कई तरह की दवाएं लेते रहते हैं मगर आराम नहीं मिलता. लेकिन कुछ ऐसे आयुर्वेदिक ढंग हैं जिन्हें आजमाने से आपको इन समस्याओं का एहसास तक नहीं होगा. सबसे ख़ास बात इन सभी उपायों को नियमित रूप से करने पर दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ेगा.
लोकल18 ने आयुर्वेद हर्बल सेंटर के मोहम्मद इन्तखाबुल्हक ने उन तरीकों को बारीकियों को समझा. जिन्हें आप घर पर ही कर सकते हैं. जैसे- शिरो अभ्यंग (सिर की मसाज), नस्य चिकित्सा (नाक में ऑयल डालना), ब्राह्मी और अश्वगंधा का सेवन, हर्बल चाय का सेवन, पाद अभ्यंग (पैरों की मसाज). मोहम्मद इन्तखाबुल्हक का दावा है कि यदि आपको लगातार सिरदर्द रहता है तो भी आप इस तरीका को कर सकते हैं. आपका दर्द कम होने लगेगा और काम में अधिक फोकस कर पाएंगे. आइए, इन्हें विस्तार से समझते हैं.
नारियल ऑयल से करें ये उपाय
कई बार लगातार काम या इलेक्ट्रोनिक उपकरणों के इस्तेमाल करने से आपके सिर में दर्द शुरु होने लगता है. कई बार तो यह पूरे सप्ताह भर तक रहता है. ऐसे में आप यदि शिरो अभ्यंग करते हैं तो राहत मिलेगी. तिल का ऑयल या नारियल ऑयल में थोड़ी सी लौंग या कपूर मिलाकर हल्के हाथों से सिर की मसाज करें. इससे ब्लड सर्कुलेशन बढ़ता है और सिरदर्द में आराम (Headache Relief) मिलता है.
माइग्रेन का अचूक इलाज
आयुर्वेद में कुछ ऐसे ढंग हैं जो आपको नियमित रूप से करने होंगे. गाय के घी या अनुतैल (आयुर्वेदिक नस्य तेल) की 2-2 बूंदे नाक में डालें, इससे माइग्रेन और बार-बार होने वाले सिरदर्द में आराम मिलता है.
ब्राह्मी और अश्वगंधा का सेवन
ब्राह्मी और अश्वगंधा आयुर्वेद में तनाव कम करने वाली जरूरी जड़ी-बूटियां मानी जाती हैं. कई जानकारों का मानना है कि इससे सिरदर्द की परेशानी में राहत मिलती है. 1 चम्मच ब्राह्मी पाउडर को गुनगुने पानी या दूध के साथ लें. आधा चम्मच अश्वगंधा पाउडर को शहद के साथ मिलाकर सेवन करें.
रात को सोने से पहले करें ये काम
इन आयुर्वेदिक नुस्ख़ों को आप घर पर ही कर सकते हैं. रात को सोने से पहले सरसों या तिल के ऑयल से पैरों के तलवों की मालिश करें. इससे नींद अच्छी आती है और माइग्रेन जैसी परेशानी में आराम मिलता है. ध्यान रहें इसे रोजाना करना होगा.
हर्बल चाय का सेवन
दूध से बनी चाय जहां शरीर को हानि पहुंचाती है लेकिन यदि आप हर्बल चाय का सेवन करते हैं तो ये शरीर को स्वस्थ बनाए रखता है. तुलसी, अदरक और पुदीने की चाय पीने से सिरदर्द में राहत मिलती है. कैफीन वाली चाय की स्थान इनका सेवन करें.

