ट्रंप ने राष्ट्रपति के पद की शपथ लेते हुए इन मुद्दों पर डाला प्रकाश
Donald Trump Speech: डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ ले ली है। ट्रंप ने कई कार्यकारी फैसलों का घोषणा किया और बोला कि अमेरिका का ‘स्वर्ण युग’ अभी से प्रारम्भ होता है। ट्रंप ने अपने शपथ ग्रहण के बाद एक जोरदार संबोधन में 20 जनवरी के दिन को ‘लिबरेशन डे’ बताया। उन्होंने बोला कि अब अमेरिका के अच्छे दिनों की आरंभ होगी और परिवर्तन ‘बहुत जल्दी’ आएगा। इसके अतिरिक्त उन्होंने कई अहम फाइलों पर हस्ताक्षर भी किए। हस्ताक्षर करते-करते ट्रंप को कई अहम मुद्दों पर चर्चा करते हुए भी देखा जा सकता है।

चीन पर कठोर हैं ट्रंप
ट्रंप जिस समय ओवल ऑफिस में फाइलों पर हस्ताक्षर कर रहे थे, उस दौरान देखा जा सकता है कि मीडिया के प्रश्नों के उत्तर भी दे रहे हैं। उन्होंने चीन को लेकर कठोर रुख अपनाया। ट्रम्प ने कहा,’अगर चीन इसे (अमेरिका-टिकटॉक डील) स्वीकृति नहीं देता, तो हम चीन पर टैरिफ लगा सकते थे। मत भूलिए। चीन हमसे टैरिफ लगाता है और हम उनसे बहुत कम टैरिफ लगाते हैं, सिवाय इसके कि मैंने बहुत टैरिफ लगाया। हमने सैकड़ों और अरबों $ कमाए लेकिन जब तक मैं नहीं आया। चीन ने इस राष्ट्र को कभी 10 सेंट का भुगतान नहीं किया। उन्होंने हमें लूटा और उन्होंने कभी कुछ नहीं दिया।
हम चीन से मीटिंग्स करने जा रहे हैं
ट्रंप ने आगे कहा,’अगर हम TikTok के साथ डील करना चाहते हैं और यह एक अच्छा सौदा है और चीन इसे स्वीकृति नहीं देता है तो मुझे लगता है कि आखिरकार वे इसे स्वीकृति देंगे क्योंकि हम चीन पर टैरिफ लगाएंगे। मैं यह नहीं कह रहा हूं कि मैं ऐसा करूंगा लेकिन आप निश्चित रूप से ऐसा कर सकते हैं।‘ हालांकि ट्रंप ने आगे यह भी कहा,’हम राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ मीटिंग्स और कॉल करने जा रहे हैं। मैंने पिछले सप्ताह राष्ट्रपति शी से बात की थी, मेरी टेलीफोन पर बहुत अच्छी वार्ता हुई।‘
इजरायल सऊदी के रिश्तों पर क्या कहे ट्रंप?
इजरायल और सऊदी अरब के बीच संबंधों को लेकर ट्रंप ने कहा,’मुझे नहीं लगता कि मुझे उन पर दबाव डालना चाहिए। मुझे लगता है कि ऐसा होने जा रहा है, शायद अभी नहीं, लेकिन सऊदी अरब अब्राहम समझौते में शामिल हो जाएगा। बहुत गर्मजोशी से नहीं।‘
रूस-यूक्रेन युद्ध पर क्या बोले?
पिछले कई सालों से जारी रूस-यूक्रेन जंग को रोकने की अपनी योजना पर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रांप ने कहा,’हम इसे जल्द से जल्द पूरा करने की प्रयास करेंगे। यदि मैं राष्ट्रपति होता तो यूक्रेन और रूस के बीच जंग कभी प्रारम्भ नहीं होता।‘
ग्रीनलैंड अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए जरूरी
ग्रीनलैंड पर कब्ज़ा करने की योजना पर ट्रंप ने कहा,’ग्रीनलैंड एक अद्भुत स्थान है और हमें अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए इसकी आवश्यकता है। मुझे विश्वास है कि डेनमार्क भी इसमें शामिल होगा क्योंकि इसे बनाए रखने के लिए उन्हें बहुत पैसा खर्च करना पड़ रहा है। ग्रीनलैंड के लोग डेनमार्क से खुश नहीं हैं। हमारे लिए नहीं, यह अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए आवश्यक है। आपके पास हर स्थान रूसी और चीनी नावें और युद्धपोत हैं।‘
जो बाइडेन को कहा थेंक्यू
इस दौरान ट्रंप को पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन की तरफ से लिखा गया खत भी मिला। जिसको देखकर ट्रंप ने कहा,’ओह!…धन्यवाद, हमें इसे पाने में वर्षों लग सकते थे।‘
पेरिस जलवायु समझौता
ट्रंप ने बोला कि वह एक बार फिर राष्ट्र को ऐतिहासिक पेरिस जलवायु समझौते से बाहर निकालेंगे। उनके इस घोषणा से वैश्विक तापमान वृद्धि से निपटने के लिए पूरे विश्व की कोशिशों को झटका लगेगा और एक बार फिर अमेरिका अपने सबसे करीबी सहयोगियों से दूर हो जाएगा। ट्रंप के सोमवार को दूसरे कार्यकाल के लिए शपथ लेने के समय व्हाइट हाउस की यह घोषणा 2017 में ट्रंप की कार्रवाइयों की याद दिलाती है, जब उन्होंने घोषणा किया था कि अमेरिका वैश्विक पेरिस समझौते से बाहर हो जाएगा।
अमेरिका सबसे महान और शक्तिशाली बनेगा
उन्होंने कहा,’अमेरिका पृथ्वी पर सबसे महान, सबसे ताकतवर, सबसे सम्मानित देश के रूप में अपना उचित जगह फिर से हासिल करेगा। जिससे राष्ट्र को पूरी दुनिया की प्रशंसा हासिल होगी।‘ ट्रंप ने बोला कि हर राष्ट्र हमसे ईर्ष्या करेगा और हम कतई ऐसा नहीं होने देंगे कि कोई हमारा लाभ उठाये। ट्रंप ने आव्रजन, शुल्क और ऊर्जा समेत कई क्षेत्रों में अमेरिकी नीतियों को आक्रामक रूप से बदलने का वादा किया है।
मेक्सिको की खाड़ी और पानामा नहर
अमेरिका के नये राष्ट्रपति ने कुछ ऐसे कदमों को सूचीबद्ध किया जो वे तुरन्त उठाएंगे। इनमें अमेरिका-मेक्सिको सीमा पर एक राष्ट्रीय आपातकालीन का घोषणा करना भी शामिल है। मेक्सिको की खाड़ी का नाम बदलकर अमेरिका की खाड़ी करना और पनामा नहर को वापस हासिल करना शामिल है।
फिर से संतुलित होगी इन्साफ की तराजू
ट्रंप ने कहा,’न्याय के तराजू को फिर से संतुलित किया जाएगा। इन्साफ विभाग गवर्नमेंट का क्रूर, हिंसक और अनुचित हथियारीकरण खत्म हो जाएगा।‘ उन्होंने कहा,’हम असफल नहीं होंगे। भविष्य हमारा है और हमारा स्वर्ण युग अभी से प्रारम्भ होता है।‘ ट्रंप ने अपने संबोधन में घरेलू ऑयल उत्पादन बढ़ाने, वादे के अनुसार कर वसूलने के लिए एक सरकारी इकाई गठित करने और इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने वाले कार्यक्रम को रद्द करने का भी वादा किया।‘

