मौसम विभाग के मुताबिक, 5 सितंबर से छत्तीसगढ़ में बारिश की तीव्रता में आई कमी
छत्तीसगढ़ में पिछले कुछ दिनों से लगातार बारिश हो रही है। कई जगहों पर झमाझम बरसात से जहां किसानों और आम लोगों को राहत मिली है, वहीं भारी बारिश ने जनजीवन भी प्रभावित किया है। बिलासपुर और सरगुजा संभाग में तो हालात ऐसे रहे कि कई इलाकों में भारी से अति भारी वर्षा ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। वहीं बाकी जिलों में मामूली से मध्यम बारिश दर्ज की गई।

मौसम विभाग के मुताबिक, 5 सितंबर से पूरे प्रदेश में बारिश की तीव्रता और वितरण में कमी आई है। यानी अब लगातार तेज बारिश की आसार कम है। हालांकि, 6 सितंबर को भी कई जिलों में मामूली से मध्यम वर्षा और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।
पिछले 24 घंटे का हाल
राज्य में सबसे अधिक बारिश भैसमा में 12 सेमी दर्ज हुई। इसके अतिरिक्त पोंडी बचरा में 9 सेमी, अड़भार में 7 सेमी, कटघोरा और रामानुजनगर में 6-6 सेमी बारिश दर्ज की गई। वहीं कई जिलों में 5 से 2 सेमी तक की वर्षा हुई।
दुर्ग जिला तापमान के मुद्दे में सबसे आगे रहा। यहां अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 20 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
सिनोप्टिक सिस्टम का असर
फिलहाल उत्तर-पश्चिमी मध्यप्रदेश और पूर्वी राजस्थान पर एक निम्न दबाव का क्षेत्र एक्टिव है। इसके अतिरिक्त मानसून द्रोणिका जैसलमेर से होकर बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है। यही वजह है कि छत्तीसगढ़ में बौछारें देखने को मिल रही हैं।
आज का मौसम
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 6 सितंबर को छत्तीसगढ़ के कई जिलों में मामूली से मध्यम बारिश होगी। कुछ जगहों पर गरज-चमक और वज्रपात की भी आसार है। दो दिनों के बाद बारिश और कमजोर होगी और केवल चुनिंदा इलाकों में मामूली बौछारें देखने को मिलेंगी।
रायपुर का हाल
राजधानी रायपुर में 6 सितंबर को आसमान मेघमय रहेगा। दिनभर उमस भरा मौसम रहेगा और बीच-बीच में मामूली बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। यहां अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।

