जानें, 7वें से कितना अलग होगा 8th Pay Commission
8th Pay Commission News: जल्द कर्मचारियों को 8वें वेतन आयोग का फायदा मिल सकता है. कर्मचारी अक्सर कम्पलेन करते हैं कि महंगाई तेजी से बढ़ रही है. उनकी जरूरतें ही पूरी नहीं हो रहीं. अब गवर्नमेंट और केंद्रीय वेतन आयोगों ने इन शिकायतों को ध्यान में रखकर कई सिफारिशों के साथ केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के वेतनमान में संशोधन किए हैं. गवर्नमेंट ने पहली बार 1946 में पहला वेतनमान आयोग गठित किया था. जिसके बाद जितने भी आयोग बने, किसी से भी कर्मचारी खुश नहीं दिखे. सबकी आलोचनाएं हुईं. जिनको ध्यान में रखते हुए इस बार केंद्र गवर्नमेंट ने जरूरी परिवर्तन 8वें वेतन आयोग में किए हैं.

हालांकि गवर्नमेंट ने मुद्रास्फीति में बढ़ोतरी और आर्थिक सरंचना में परिवर्तन की झलक इससे पहले आए दो वेतन आयोगों में दिखाई थी. केंद्रीय कर्मचारियों के वेतन ढांचे में कई सुधार किए गए थे. जिससे लाखों कर्मचारियों के वित्तीय परिदृश्य को नयी दिशा मिली. लेकिन अब 8वें वेतन आयोग को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही हैं.
छठे वेतन आयोग में क्या मिला?
छठे वेतन आयोग की बात करें तो इसकी स्थापना जुलाई 2006 में हुई थी. जिसे अगस्त 2008 में अप्रूवल मिली. जिसमें न्यूनतम मूल वेतन 7 हजार रुपये रखा गया था. इसमें फिटमेंट फैक्टर की आरंभ में 1.74 की संस्तुति केंद्र गवर्नमेंट ने की थी. जिसे बाद में बढ़ाकर 1.86 कर दिया गया था. वहीं, 1 जनवरी 2006 से इसे लागू किया गया था. वहीं, कर्मचारियों को भत्तों का फायदा 1 सितंबर 2008 से मिला था. वहीं, जीवन निर्वाह भत्ते (DA) में 16 से 22 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई थी.
7वें वेतन आयोग की खूबियां
7वें वेतन आयोग का गठन 28 फरवरी 2014 को किया गया था. जिसे 1 जनवरी 2016 से लागू किया गया. इसमें न्यूनतम मूल वेतन 18 हजार रुपये रखा गया था. वहीं, फिटमेंट फैक्टर 2.57 था. इस वेतन आयोग में मूल वेतन में 11 हजार की बढ़ोतरी की गई थी.—
कर्मियों को 8वें वेतन आयोग से उम्मीदें
माना जा रहा है कि 8वां वेतन आयोग 2026 से लागू हो जाएगा. लेकिन अभी केंद्र गवर्नमेंट ने कोई आधिकारिक घोषणा इसको लेकर नहीं की है. बताया जा रहा है कि मूल वेतन में 20 से 35 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो सकती है. यानी लेवल एक का वेतन 34560 रुपये तक हो सकता है. वहीं, लेवल 18 वेतन में 4.8 लाख रुपये तक की बढ़ोतरी की जा सकती है. कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को सुन्दर फायदा केंद्र गवर्नमेंट दे सकती है. कई भत्तों का विस्तार किया जा सकता है. वहीं, कहा जा रहा है कि वेतन मैट्रिक्स को तैयार करने में गवर्नमेंट ने 1.92 फिटमेंट फैक्टर का यूज किया है. जिससे काफी फायदा कर्मियों को मिल सकते हैं.

