जिम ट्रेनर गुरप्रीत संह की हत्या मामले को पुलिस ने सुलझाने का किया दावा
पंजाब में मोहाली जिले के खरड़ 31 जनवरी को जिम ट्रेनर गुरप्रीत संह बठिंडा रामपुरा फुल की गोली मारकर मर्डर कर दी गई थी. करीब एक महीना 27 दिन के बाद पुलिस ने मुकदमा को सुलझाने का दावा किया है. पंजाब पुलिस के एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) ने हिमाचल प्रदेश
।
ये सारे जिम ट्रेनर हत्याकांड में शामिल थे. इस संबंध में पंजाब पुलिस के महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने गुरुवार को जानकारी दी. आरोपियों के पास से हथियार भी बरामद हुए है . यह विदेश में बैठे अपने हैंडलर्स के निर्देश पर काम कर रहे थे और उन्हें पंजाब में टारगेट किलिंग की जिम्मेदारी दी गई थी.
हत्या में प्रयोग कार भी बरामद
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान अमृत निवासी गांव पर्तापुरा, फिल्लौर, ओंकार सिंह उर्फ गोलू निवासी गांव पंडवा, कपूरथला, प्रिंस निवासी गांव पंडवा, कपूरथला और गुरप्रीत सिंह उर्फ गुरी – निवासी सतनामपुरा, फगवाड़ा के रूप में हुई है. पुलिस को आरोपियों से दो .32 बोर पिस्तौल (मैगजीन और 20 कारतूस सहित) और ग्रे मारुति अर्टिगा कार (PB-01-D-2996) बरामद हुई है. इससे ही आरोपी भागे थे.
विदेशी हैंडलर्स के टच में थे
DGP गौरव यादव ने कहा कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ये आरोपी विदेश में बैठे अपने हैंडलर्स के निर्देश पर काम कर रहे थे और उन्हें पंजाब में टारगेट किलिंग की जिम्मेदारी दी गई थी.गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों के विरुद्ध हत्या, मर्डर के प्रयास, आर्म्स एक्ट सहित कई आपराधिक मुद्दे दर्ज हैं. वहीं, पुलिस आरोपियों का इतिहास तलाशने में जुटी हुई है.
मामूल झगड़ा में गई थी जान
खरड़ के शिवजोत एन्क्लेव बाजार में 31 जनवरी की रात करीब 10.45 बजे हल्की झगड़ा के बाद तीन-चार हमलावरों ने गोली मारकर मर्डर कर दी. गुरप्रीत सिंह बठिंडा की मर्डर कर दी थी.. पुलिस ने ने उस समय कहा था कि हमलावरों ने उसे गोली मार दी और फिर उसके ही कृपाण से उस पर वार कर दिया. इसके बाद हमलावर मौके से फरार हो गए. लोगों को शक है कि पीड़ित और संदिग्ध एक दूसरे को जानते थे. वे बूथ बाजार में एक ढाबे में बैठे थे, तभी हल्की झगड़ा अत्याचार में बदल गई.

