ढाका टू नोएडा अपने पति की तलाश में पहुंची सोनिया अख्तर का मामला उलझा
नोएडा: बांग्लादेश से भागकर नोएडा के सौरभ कांत तिवारी को पाने के लिए आई सोनिया अख्तर के मुद्दे को लोग ग्रेटर नोएडा सीमा हैदर और सचिन मीणा के मुद्दे से जोड़ रहे हैं। लेकिन सीमा-सचिन से अलग सौरव-सोनिया की राहें अलग दिशा में जाती दिख रही हैं। सोनिया अख्तर का दावा है कि वो हिंदुस्तान अपने पति और उसके बच्चे के पिता को पाने के लिए आई है। लेकिन सौरवकांत तिवारी ने अलग ही खुलासा किया है। उसका बोलना है कि हनीट्रैप में फंसाने के बाद उसे जबरन इस्लाम कबूल करने को विवश कर विवाह कराया गया। सोनिया से चंगुल छुड़ाने के लिए वो हिंदुस्तान आया है।
ढाका टू नोएडा अपने पति की तलाश में पहुंची सोनिया अख्तर का मुद्दा उलझता जा रहा है। एक तरफ जहां सोनिया सौरभ कांत तिवारी से विवाह होने के सबूत दिखा रही हैं, वहीं सौरभ कांत तिवारी का बोलना है उन्हें पहले हनी ट्रैप में फसाया गया और फिर जबरन धर्म बदलाव कराकर विवाह कराया गया है। पुलिस दोनों पक्षों की तरफ से जानकारी और सबूत इकट्ठा कर रही है, जिससे आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सके।
नोएडा का सेक्टर 62 में स्थित सखी वन स्टॉप सेंटर, अब सानिया अख्तर का नया ठिकाना है। जहां उसे पुलिस के संरक्षण में रखा गया है। सानिया की वकील का बोलना है कि सोनिया अपने बच्चों के लेकर परेशान है। क्योंकि उसकी तबीयत खराब है। सोनिया का बोलना है कि सौरव कांत तिवारी उनके साथ खेल खेल रहे हैं, मैंने कोई हनी ट्रैप नहीं किया है। ना कोई मांग की है। वह केवल अपने पति और बच्चे के पिता को लेने आई है।
इस मुद्दे में सौरभ कांत तिवारी ने भी अपना पक्ष रखा है। उनका बोलना है कि जब बांग्लादेश की एक पावर कंपनी में डीजीएम के पद पर तैनात थे, फरवरी 2021 में सोनिया किसी काम से उनसे मिलने आई और जॉब के बहाने नजदीकियां बढ़ाई। इस बीच दोनों करीब आए। इस दौरान सोनिया ने उनके आपत्तिजनक फोटो और वीडियो बना लिए और उसके परिवार वालों ने दबाव डाला कि यदि उसने इस्लाम धर्म कबूल कर सोनिया से विवाह नहीं की तो वह उसे बलात्कार के मुकदमा में कारावास भिजवा देंगे। अप्रैल में दबाव और हाथापाई कर उनसे जबरन विवाह कराया गया। उनसे ₹5 लाख रुपए और 50 लाख का फ्लैट बांग्लादेश में खरीदवाया गया।
सौरभ का बोलना है कि उनके पूजा के समान बाहर फेक दिया गया और नमाज पढ़ने के लिए दबाव बनाया जाता था। लगातार हाथापाई की जाती थी, जब सोनिया और परिवार ने एक करोड की मांग की तो उन्हे लगा कि पानी सर से ऊपर होने लगा है। तो उन्होंने बांग्लादेश में तलाक का केस दाखिल किया है। जिसकी सुनवाई चल रही है। सौरव का यह भी बोलना है कि सोनिया को हिंदुस्तान में इनकी की पत्नी और बच्चों के बारे में पहले से पता था। इस बीच उनकी जॉब चल जाने के बाद भी सोनिया को सब कुछ बता कर बाहर लौटे थे, लेकिन अब उनकी फोटोग्राफ और वीडियो के जरिए उनका ब्लैकमेल किया जा रहा है।
सौरभ का बोलना है कि उन्हें फंसाया गया टॉर्चर किया और उनका परिवार ट्रामा की स्थित से गुजर रहा है। उन्होंने अपनी बात हर अधिकारी के लेबल पर पूरे प्रूफ के साथ रखी, पर पुलिस प्रशासन उलटे उन पर ही सोनिया को रखने की प्रबंध करने का दबाव बना रहा है। सौरभ का बोलना है सोनिया जब से आई है मुझे लगातार फेम करने की प्रयास कर रही है। पहले भी सोनिया मई के महीने में आई थी। उस समय पुलिस ने बोला था कि आप एम्बेसी के थ्रू आइए। लेकिन अब भी डायरेक्ट आई है। वकील के साथ। मेरा बोलना है झूठी बात का योगदान न करो, दोनों पक्षों को सुनो। जब मैं बार-बार कह रहा हूँ कि मेरा मुद्दा बांग्लादेश न्यायालय में विचाराधीन है। मेरी बात प्रशासन तो सुने, लेकिन प्रशासन सोनिया के हिंदुस्तान में रहने की प्रबंध करने का दबाव डाल रहा है, और कह रहा है कि ये यदि मर जायेगी तो आप कारावास में चले जायेगे।

