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उत्तर प्रदेश की 18वीं विधानसभा अपने गठन के बाद से लगातार नई पहल कर रही है स्थापित

लखनऊ. यूपी की 18वीं विधानसभा अपने गठन के बाद से लगातार नयी पहल स्थापित कर रही है. इसी क्रम में इस बार बजट सत्र से पूर्व विधानसभा में एक अनूठी पहल की गई है. अब विधानसभा की कार्यवाही हिंदी के साथ-साथ अवधी, ब्रज, भोजपुरी, बुंदेली और अंग्रेजी भाषाओं में भी सुनी जा सकेगी.

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–>देश की किसी भी विधानसभा में अपनी तरह का यह पहला प्रयोग है, जिसका उद्देश्य प्रदेश के आम नागरिकों, विशेषकर ग्रामीण अंचल के लोगों को लोकतांत्रिक प्रक्रिया से और अधिक जोड़ना है.

विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने इस ऐतिहासिक पहल पर बोला कि यूपी एक विशाल और विविधता से भरा राज्य है, जहां भिन्न-भिन्न क्षेत्रों की अपनी विशिष्ट बोलियां और भाषाएं हैं. ऐसे में यह जरूरी था कि प्रदेश की विधानसभा अपनी जनता से अधिक से अधिक जुड़ाव स्थापित करे.

उन्होंने बोला कि हिंदी हमारी राजभाषा है, लेकिन क्षेत्रीय भाषाओं को भी बढ़ावा देना महत्वपूर्ण है. इससे न सिर्फ़ जनप्रतिनिधियों को अपनी मातृभाषा में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता मिलेगी, बल्कि आम नागरिक भी अपनी भाषा में विधानसभा की कार्यवाही सुन सकेंगे.

विधानसभा अध्यक्ष महाना ने बोला कि सीएम योगी आदित्यनाथ के योगदान और दिशा-निर्देशन में यूपी विधानसभा जो कोशिश कर रही है, उसे पूरे राष्ट्र की विधानसभाएं अपना रही हैं. यह पहल लोकतंत्र को और अधिक मजबूत करने की दिशा में एक जरूरी कदम है, जिससे जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों के बीच संवाद और अधिक कारगर और सहज हो सकेगा.

इसके पहले सीएम योगी ने विधानसभा के नए प्रवेश द्वार का उद्घाटन किया और भित्ति चित्रों का लोकार्पण किया. इन भित्ति चित्रों में यूपी के समग्र विकास को दर्शाया गया है. स्त्री सशक्तीकरण, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक उन्नति, औद्योगिक विस्तार तथा सामाजिक समरसता को इन चित्रों के माध्यम से खूबसूरती से उकेरा गया है. प्रदेश में हो रहे विकास को रेखांकित करते हुए इन चित्रों में “नए उत्तर प्रदेश” की परिकल्पना को साकार किया गया है.

उत्तर प्रदेश विधानमंडल का बजट सत्र मंगलवार से प्रारम्भ होने जा रहा है. सत्र के हंगामेदार रहने के पूरे आसार हैं. विपक्षी दल जहां गवर्नमेंट को महाकुंभ हादसा, महंगाई और बेरोजगारी जैसे मामले घेरने की रणनीति तैयार कर रहा है, वहीं सत्तारूढ़ दल ने सभी सकारात्मक प्रश्नों का उत्तर देने की ठानी है.

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