ये कंपनी बना रही इंसानों के टॉयलेट से बीयर
बाजार में कई तरह की बीयर मौजूद हैं। भिन्न-भिन्न ब्रांड भिन्न-भिन्न खूबियों वाली बीयर बेचते हैं। लेकिन यदि हम कहें कि बाजार में एक ऐसी बीयर मौजूद है, जिसमें कई इंसानों का पेशाब मिला हुआ है। सबसे खास बात यह है कि इस बात को स्वयं बीयर बनाने वाली कंपनी ने स्वीकार किया है। चलिए आज हम आपको बताते हैं कि यदि आप पेशाब वाली बीयर नहीं पीना चाहते हैं तो आपको किस कंपनी की बीयर पीने से बचना चाहिए।

पहले जानिए कैसे बनती है पेशाब वाली बीयर
इसकी आरंभ वर्ष 2017 में हुई थी। दरअसल, इसी वर्ष एक शराब बनाने वाली कंपनी के दिमाग में यह विचार आया कि क्यों न आदमी के पेशाब का इस्तेमाल करके बीयर बनाई जाए। इसके लिए इस कंपनी ने उत्तरी यूरोप के सबसे बड़े म्यूजिक फेस्टिवल रोस्किल्ड में ढेर सारे शौचालय बनाए और लोगों को उनमें निःशुल्क में पेशाब करने की अनुमति दी। फिर यहां से करीब 50 हजार लीटर पेशाब इकट्ठा किया गया और उससे बीयर बनाई गई। सबसे बड़ी बात यह है कि इस बीयर बनाने वाली कंपनी को इस बीयर को बाजार में बेचने की अनुमति भी गवर्नमेंट से मिल गई है।
पेशाब से बनने वाली बीयर का नाम क्या है?
हम जिस बीयर की बात कर रहे हैं, वह सिंगापुर की एक कंपनी में बनती है। हालांकि, यहां बनने के बाद इसे दूसरे राष्ट्रों में भी भेजा जाता है, जहां इसे क्षेत्रीय बाजारों में बेचा जाता है। इस बीयर को पूरी दुनिया में ‘न्यू ब्रू’ या नॉरब्रो के नाम से जाना जाता है। यदि आप पेशाब से बनी बीयर नहीं पीना चाहते हैं, तो जब भी आप वाइन शॉप या शराब की दुकान से बीयर खरीदें, तो इस बात का खास ख्याल रखें कि उसमें न्यू ब्रू नाम की बीयर न हो।
कंपनी ने ऐसा क्यों किया?
द स्ट्रेट टाइम्स के मुताबिक, सिंगापुर की कंपनी ने पानी बचाने के लिए ऐसा किया। दरअसल, बीयर बनाने के लिए बहुत अधिक पानी की आवश्यकता होती है। सिंगापुर जल संकट से गुजर रहा है। जबकि आने वाले वर्षों में इस राष्ट्र में पानी की स्थिति और भी गंभीर होने वाली है। यही वजह है कि नॉरब्रो बीयर बनाने वाली कंपनी ने निर्णय किया कि वह पेशाब को रिसाइकिल करके उससे बीयर बनाएगी। इस बीयर को पीने वाले लोगों का बोलना है कि भले ही यह बीयर पेशाब से बनी हो, लेकिन इसका स्वाद किसी भी सामान्य बीयर जैसा ही होता है।

