इस तीज ट्राई करें रेशम के धागे से बनी चूड़ियां, घर से करें ऑर्डर
तीज आने में बस 2 दिन का ही समय बचा है। ऐसे में यदि आपने कपड़ों की शॉपिंग कर ली है, लेकिन उसके साथ मैचिंग और यूनिक चूड़ियों की तलाश कर रही हैं तो आपकी तलाश यह आर्टिकल पढ़कर पूरी हो जाएगी। दरअसल, झारखंड की राजधानी रांची के अपर बाजार स्थित अग्रसेन भवन में जलसा मेला चल रहा है। जहां पर आपको रेशम के धागों से बनी खूबसूरत कुंदन जड़ी चूड़ियां मिल जाएंगी।

स्नेहिल ने रेशम की चूड़ियों का स्टॉल लगाया है। उन्होंने कहा कि रेशम की चूड़ियां बनाने में 2 से 3 दिन का समय लगता है। यह दिखने में भी काफी यूनिक हैं, आपको अमूमन रेशम की चूड़ियां काफी कम ही देखने को मिलेगी। इसे रेशम के धागे से बनाया जाता है और रेशम के धागे के ऊपर खूबसूरत कुंदन और एडी डायमंड का काम किया जाता है।
घर पर स्त्रियों द्वारा तैयार की जाती है रेशम की चूड़ियां
स्नेहिल बताती हैं कि हमारे घरों में गांव की स्त्रियों द्वारा रेशम की चूड़ियां तैयार की जाती हैं। यह महिलाएं एक सेट चूड़ियां दो दिन में बनाकर तैयार करती हैं। चूड़ियां बनाते समय रेशम के धागों को बहुत बारीकी से प्लास्टिक की चूड़ी पर लपेटा जाता है। इसमें काफी बारीकी से काम होता है, ताकि एक भी धागा साड़ी में या किसी और चीज में फंसकर बाहर न निकले। तीज को देखते हुए हमारे पास कई तरह के डिजाइन मौजूद हैं। जैसे कई बार रेशम के धागों से ही सौभाग्यवती भव जैसे मंत्र लिखे जाते हैं। तो कई बार दंपती के नाम लिखे होते हैं या फिर लोग अपने मन अनुसार भी कस्टमाइज करते हैं। जैसे अपने पति की फोटो इन चूड़ियों में स्त्रियों द्वारा लगवाई जाती है।
ये है इन चूड़ियों की कीमत
स्नेहिल ने कहा कि यह चूड़ियां काफी टिकाऊ है, क्योंकि एक तो यह प्लास्टिक की हैं, जिससे यह गिरेंगी भी तो टूटेंगी नहीं और आप चाहे तो इन चूड़ियों को धो भी सकते हैं। धागे काफी हाई क्वालिटी के हैं। यह सरलता से खराब होने वाले नहीं है। मूल्य की बात करें तो इन रेशम चूड़ियों की मूल्य 200 से प्रारम्भ होकर 3000 रुपए तक गई है। आप भी इस रेशम के धागे से बने चूड़ियां ट्राई करना चाहती हैं तो आ जाइए रांची अग्रसेन भवन में चल रहे जलसा मेले में, जो 16 सितंबर तक चलने वाला है। आप इस नंबर पर 7903974930 संपर्क करके व्हाट्सएप के जरिए घर बैठे ऑर्डर भी कर सकते हैं।

