लाइफ स्टाइल

उम्र से पहले बाल सफेद होने की ये है वजह

पहले 40-45 की उम्र के बाद बाल सफेद होते थे जो स्वाभाविक है. लेकिन अब 20-30 की उम्र से ही युवाओं के बाल सफेद होने लगे हैं. उम्र से पहले बाल क्यों होते हैं सफेद? इसके कारण और तरीका बता रही हैं ब्यूटी एक्सपर्ट शहनाज हुसैन.

Newsexpress24. Com download 12 9

WhatsApp Group Join Now

बाल सफेद होने के कारण

बाल सफेद होने के कई कारण हो सकते हैं. सबसे पहले बाल सफेद होने की वजह को जानें ताकि उसका ठीक तरीका किया जा सके.

विटामिन्स की कमी से सफेद होते है बाल

आयरन, कैल्शियम, कॉपर, फॉलिक एसिड, विटामिन बी 12 की कमी से बाल समय से पहले सफेद होने लगते हैं. यदि आपके बाल भी उम्र से पहले सफेद होने लगे हैं तो पहले यह चेक करें कि आपके शरीर में विटामिन्स की कमी तो नहीं. ठीक डाइट और सप्लिमेंट्स लेकर विटामिन्स की कमी को सरलता से पूरा किया जा सकता है. इससे बालों का सफेद होना रुक जाएगा.

हानिकारक हेयर प्रोडक्ट्स

हेयर प्रोडक्ट्स, जैसे बोल्ड हेयर कलर, जेल, स्प्रे में उपस्थित नुकसानदायक केमिकल से बाल समय से पहले सफेद होने लगते हैं. इसके अतिरिक्त स्ट्रेटनिंग, कर्लिंग जैसे हेयर ट्रीटमेंट से भी बाल शीघ्र सफेद होते हैं. बालों में कोई हेयर प्रोडक्ट लगाने से पहले यह चेक कर लें कि उसमें नुकसानदायक केमिकल तो नहीं हैं.

गलत खानपान

बहुत अधिक चाय-कॉफी, अल्कोहल, तली-भुनी चीजें, जंक फूड का सेवन करने से बाल समय से पहले सफेद होने लगते हैं. खानपान की आदतें सुधारकर बालों को शीघ्र सफेद होने से रोका जा सकता है.

आनुवंशिकता

यदि आपके परिवार में बाल शीघ्र सफेद होने की परेशानी है, तो आपके साथ भी ऐसा हो सकता है. गंजापन या बाल सफेद होने की परेशानी आनुवंशिक भी होती है और अगली पीढ़ी को भी यह परेशानी झेलनी पड़ती है. ऐसे में लाइफस्टाइल में परिवर्तन करके आप कुछ समय के लिए बालों को सफेद होने से रोक सकते हैं.

नींद की कमी

समय के साथ काम करने के घंटे काफी बढ़ गए हैं. साथ ही शिफ्ट में नौकरी करने का ट्रेंड भी बढ़ा है. एमएनसी में काम करने वालों को वहां के समय के हिसाब से काम करना पड़ता है. ऐसे में नींद न आना या बार-बार नींद डिस्टर्ब होने की परेशानी होने लगती है. पर्याप्त नींद न मिल पाने के कारण ऐसे लोगों के बाल समय से पहले सफेद होने लगते हैं.

तनाव

आज की भागदौड़ भरी जीवन में तनाव से बचना बहुत कठिन है. ऐसे में योग और मेडिटेशन से तनाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है. यदि आप अक्सर तनाव में रहते हैं और आपके बाल समय से पहले सफेद होने लगे हैं तो योग और मेडिटेशन को अपनी लाइफस्टाइल का हिस्सा बना लें. इससे बालों का सफेद होना रुक जाएगा.

आंवला-मेहंदी हेयर पैक

बालों को सफेद होने से बचाने के लिए आंवला का इस्तेमाल बहुत लाभ वाला है. इसके लिए प्रतिदिन एक गिलास पानी में एक आंवले का रस मिलाकर पीएं. यह इम्यून सिस्टम को मजबूत रखता है. सूखे आंवले को लोहे की कड़ाही में भूनकर पीस लें. इसे मेहंदी के पेस्ट में मिलाकर बालों में लगाएं. दो घंटे बाल बाल धो लें. बालों में नियमित रूप से आंवला और मेहंदी लगाकर उन्हें समय से पहले सफेद होने से रोका जा सकता है.

हेल्दी करीपत्ता हेयर पैक

करीपत्ते को डाइट में शामिल करने से बालों की जड़ें और फॉलिकल्स मजबूत होते हैं. ये बीटा-कैरोटीन और प्रोटीन के साधन हैं, जो बालों को झड़ने से रोकते हैं और मजबूत बनाते हैं. करीपत्ते में कैल्शियम, फॉस्फोरस, आयरन, फोलिक एसिड और विटामिन सी, बी, ए, ई भी होते हैं. बालों को सफेद होने से बचाने के लिए करीपत्ते का पेस्ट बालों पर लगाएं. 20 से 30 मिनट बाद इसे धो लें. ऐसा नियमित रूप से करने से बाल शीघ्र सफेद नहीं होते.

हेल्दी डाइट है जरूरी

बालों को समय से पहले सफेद होने से बचाने के लिए डाइट में खट्टे फल, जैसे संतरा, नींबू, अंगूर को शामिल करें. इनमें विटामिन सी भरपूर मात्रा में होता है जो इम्यून सिस्टम को मजबूत करता है. इसके अतिरिक्त अंकुरित अनाज, हरी पत्तेदार सब्जियां, टमाटर खाने से बाल शीघ्र सफेद नहीं होते.

केमिकल से बालों को बचाएं

केमिकलयुक्त हेयर केयर प्रोडक्ट्स के इस्तेमाल से बचें, ये बालों की प्राकृतिक सुंदरता को खराब करते हैं और उन्हें रूखे-बेजान बना देते हैं. कोई भी हेयर प्रोडक्ट खरीदते समय पहले यह देख लें कि उससे बालों को कोई हानि तो नहीं होगा. हेल्दी डाइट और ठीक देखभाल से बालों को शीघ्र सफेद होने से रोका जा सकता है.

ऑयलिंग बालों के लिए एक बेहतरीन प्री-शैम्पू ट्रीटमेंट है. इसे आम भाषा में चंपी करना भी कहते हैं. ऑयल लगाने से बाल सॉफ्ट और हेल्दी बनते हैं, तेजी से बढ़ते हैं और उनकी चमक भी बढ़ जाती है. बालों में ऑयल लगाने के कई हेल्थ बेनिफिट्स भी हैं. इससे तनाव दूर होता है, मूड अच्छा रहता और ब्लड सर्कुलेशन भी अच्छा रहता है.तेल लगाने से अधिक ऑयल लगाने का ठीक तरीका जानना महत्वपूर्ण है. ऑयल ठीक ढंग से लगाया जाए तो बालों को पोषण मिलता है, साथ ही डैंड्रफ, खुजली, रूखापन दूर होता है, बाल मजबूत और चमकदार बनते हैं. आयुर्वेद में बालों के लिए भृंगराज ऑयल को बेहतर माना गया है. भृंगराज ऑयल को कब, किस तरह और कितनी मात्रा में लगाएं, इसका ठीक तरीका बता रही हैं ब्यूटी एक्सपर्ट शहनाज हुसैन

​​

शुद्ध शहद कभी खराब नहीं होता. शहद का इस्तेमाल स्वास्थ्य और सुंदरता निखारने के लिए सदियों से किया जा रहा है. खूबसूरती निखारने के लिए कैसे करें शहद का इस्तेमाल इसके बारे में बता रही हैं ब्यूटी एक्सपर्ट शहनाज हुसैन.

शहद में एंटीबैक्टीरियल प्रोटीन, एंजाइम्स और एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं, जिनकी वजह ये कभी खराब नहीं होता. शहद स्वास्थ्य के साथ साथ स्किन और बालों के लिए भी बहुत लाभ वाला है.

शहद एक बेहतरीन एंटीऑक्सीडेंट है और बढ़ती उम्र के संकेतों को बढ़ने से रोकता है. शहद लगाने से स्किन जवां और चमकदार बनती है. शहद रूखी बेजान त्वचा की नमी बनाए रखता है और उसे गहराई से मॉइस्चराइज करता है, जिससे उम्र से पहले दिखाई देने वाली फाइन लाइन और झुर्रियों का बढ़ना रुक जाता है.

Back to top button