क्या बढ़ती उम्र के कारण IPL में बिगड़ रहा है धोनी का खेल…
इस समय IPL 2025 चल रहा है और महेंद्र सिंह धोनी की उम्र और खेल को लेकर काफी चर्चा हो रही है। बढ़ती उम्र में खेलते समय क्या सच में समस्याएं आती हैं? यह प्रश्न कई लोग पूछ रहे हैं। क्रिकेट और अन्य खेलों में कुछ खिलाड़ी चालीस की उम्र में भी अच्छा प्रदर्शन करते हैं, जबकि कुछ को संघर्ष करना पड़ता है। इस बारे में कोल्हापुर के चिकित्सक अविनाश शिंदे ने लोकल18 से बात की…

लोकल 18 से बात करते हुए कोल्हापुर के चिकित्सक अविनाश शिंदे ने बोला कि उम्र बढ़ने के साथ लचीलापन कम होता है, हड्डियां कमजोर होती हैं और सहनशक्ति घटती है, लेकिन ठीक देखभाल और फिटनेस से इसे संतुलित किया जा सकता है। धोनी जैसे खिलाड़ी इस उम्र में भी स्वयं को फिट रखते हैं और अच्छा प्रदर्शन करते हैं। खेल, ठीक जीवनशैली के साथ, फिट रहने का बेहतरीन तरीका है।
‘हड्डियों में कमजोरी आ जाती है’
डॉक्टर अविनाश शिंदे ने बोला कि चालीस की उम्र पार करना जीवन का एक जरूरी चरण होता है। उम्र बढ़ने के साथ शरीर में कई परिवर्तन होते हैं। खासकर 40 वर्ष के बाद शरीर की लचीलापन कम होने लगता है, हड्डियों में कमजोरी आ जाती है और सहनशक्ति भी पहले जैसी नहीं रहती। फिर भी, मैदान में खेलना स्वास्थ्य के लिए लाभ वाला होता है। लेकिन, इस समय कुछ समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। साथ ही ठीक देखभाल करना महत्वपूर्ण होता है।
चालीस के बाद क्या होता है?
आखिर में, उम्र केवल एक नंबर है, ऐसा बोला जाता है। इसलिए चालीस के बाद भी ठीक तैयारी और देखभाल से मैदान में खेल का आनंद लिया जा सकता है। स्वस्थ जीवनशैली और शारीरिक फिटनेस के लिए खेल एक बेहतरीन मौका है

