यहां जानिए मां दुर्गा को किस दिन कौन-सा लगाएं भोग
चैत्र नवरात्रि 9 अप्रैल से प्रारम्भ हो जाएंगी और नौ दिन यानी 17 अप्रैल तक रहेंगी. हिंदू धर्म का पालन करने वाले लोगों के लिए ये 9 दिम काफी अहम होते हैं. जिसमें लोग देवी के भिन्न-भिन्न रूप की पूजा करते हैं. माना जाता है कि इन 9 दिनों में देवी की पूजा विधि विधान से करने वालों को मां का आशीर्वाद मिलता है. इन नौ दिनों में देवी को भिन्न-भिन्न चीजों का भोग लगाया जाता है.
पहले दिन- नवरात्रि के पहले दिन मां दुर्गा के प्रथम स्वरूप शैलपुत्री की पूजा की जाती है. इस दिन मां शैलपुत्री को गाय के घी का या उससे बनी चीजों को भोग लगाया जाता है. ऐसे में आप हलवा बना सकते हैं.
दूसरा दिन- नवरात्रि के दूसरे दिन मां दुर्गा के स्वरूप देवी ब्रह्मचारिणी की पूजा जाती है. इस दिन मां को शक्कर या उससे बनी चीजों का भोग लगाना चाहिए.
तीसरे दिन- ये दिन मां चंद्रघंटा को समर्पित है. इस दिन मां को दूध से बनी चीजों का भोग लगाना चाहिए. इस दिन आप कलाकंद बना सकते हैं.
चौथे दिन- नवरात्रि के चौथे दिन मां कूष्मांडा की पूजा होती है. इस दिन मालपुआ का भोग लगाना चाहिए.
पांचवें दिन- नवरात्रि के दूसरे दिन मां दुर्गा के स्वरूप देवी स्कंदमाता की पूजा होती है. इस दिन मां को केले का भोग लगाना चाहिए. ऐसे में केले का हलवा या फल ही मां को अर्पित कर सकते हैं.
छठे दिन- नवरात्रि के छठे दिन मां कात्यायनी की पूजा होती है. इस दिन को मीठे पान का भोग लगाना शुभ माना जाता है.
सातवें दिन- मां कालरात्रि को नलरात्रि के सातवे दिन पूजा जाता है. इस दिन गुड़ से बनी मिठाई का भोग लगाना चाहिए.
आठवे दिन- नवरात्रि का आठवा दिन मां महागौरी का होता है और इस दिन नारियल का भोग लगता है.
नौवें दिन- नवरात्रि के अंतिम दिन पर मां सिद्धिदात्री की पूजा होती है. और इस दिन देवी को खीर, पूरी, हलवा का भोग लगाना चाहिए.

