यहां मछली-चावल का स्वाद लेने के लिए लोगों की उमड़ती है भीड़
Hazaribagh Fish Hub: हजारीबाग की जवाहर घाटी अपने प्राकृतिक सौंदर्य और पहाड़ी वादियों के लिए हमेशा से प्रसिद्ध है। लेकिन जवाहर घाटी अब केवल घूमने-फिरने की स्थान नहीं रह गई है, बल्कि मछली प्रेमियों के लिए भी खास आकर्षण का केंद्र बन गई है। पिछले कुछ वर्षों में यहां मछली-चावल का स्वाद लेने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ने लगी है।

बिहार से भी आते हैं लोग यह मछली खाने
जवाहर घाटी में करीब एक दर्जन से अधिक दुकानें हैं, जहां प्रतिदिन पारंपरिक अंदाज में मछली पकाई और परोसी जाती है। इन दुकानों की विशेषता यह है कि यहां मछली सरसों के ऑयल और सरसों के मसाले में धीमी आंच पर पकाई जाती है, जिससे इसका स्वाद और भी निखरकर सामने आता है। इस देसी अंदाज में पकाई गई मछली का स्वाद लेने के लिए न केवल झारखंड के कोने-कोने से बल्कि बिहार से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं।
लेकिन जब लोकल मछली की कमी होती है, तब वे दूसरे राज्यों से मछलियां मंगवाकर पकाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि ग्राहकों को यहां का स्वाद और वातावरण इतना भाता है कि वे बार-बार लौटकर आते हैं।
100 रुपये में चावल के साथ फुल प्लेट
यहां मछली की मूल्य भी काफी किफायती है। एक पीस मछली मात्र 30 रुपए में मिलती है। वहीं मछली-चावल की पूरी प्लेट की मूल्य 100 रुपए रखी गई है। कम मूल्य में बढ़िया स्वाद मिलने की वजह से लोगों की भीड़ प्रतिदिन इन दुकानों पर देखने को मिलती है। ग्राहक धीरज कुमार भी कहते हैं कि यहां जैसी मछली कहीं और खाने को नहीं मिलती है। रेहू, कतला मछली के साथ झींगा मछली भी मिल जाती है।

