देश में अगले 24 घंटे कैसा रहेगा मौसम, पढ़ें पूरी खबर
उत्तर और मध्य हिंदुस्तान के अतिरिक्त राष्ट्र के कुछ पूर्वी हिस्सों में बुधवार को कोहरे की मोटी परत छाई रही, जिससे दृश्यता का स्तर कम हो गया. कोहरे की वजह से असम के गोलाघाट जिले में एक ट्रक और बस के बीच हुई आमने-सामने की भिड़न्त में कम से कम 12 लोगों की मृत्यु हो गई और 38 घायल हो गए. दिल्ली में बुधवार को लोगों को हाड़ कंपाने वाली ठंड का सामना करना पड़ा. यहां अधिकतम तापमान सामान्य से चार डिग्री कम 15.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. क्षेत्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र के वैज्ञानिक एवं प्रमुख कुलदीप श्रीवास्तव ने कहा, ‘‘दिल्ली में अगले दो दिनों में तापमान स्थिर रहेगा, जबकि कुछ इलाकों में यह गिरकर छह या 7.5 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच सकता है. श्रीवास्तव ने बोला कि जनवरी के पहले दस दिन सबसे ठंडे माने जाते हैं, लेकिन पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष यह अपेक्षाकृत गर्म है.

दिल्ली में पिछले वर्ष की अपेक्षा कम पड़ रही ठंड
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के एक अधिकारी ने कहा, पिछले सालों की तुलना में न्यूनतम तापमान अभी तक दो या तीन डिग्री तक नहीं गिरा है, जब ऐसा एक या दो दिनों के लिए होता था. बुधवार को आर्द्रता का स्तर 75 फीसदी से 100 फीसदी के बीच रहा. आईएमडी ने बृहस्पतिवार को दिल्ली में मध्यम कोहरे का संभावना व्यक्त किया है जबकि अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: 17 और सात डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की आसार है.
पांच दिन मौसम में कोई परिवर्तन नहीं होगा
आईएमडी ने बोला कि पंजाब, हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली, पश्चिमी यूपी और राजस्थान के अधिकतर हिस्सों में न्यूनतम तापमान छह से नौ डिग्री सेल्सियस के बीच रहा जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश, उत्तरी मध्य प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में यह 10-12 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया. पंजाब, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ और गुजरात के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान सामान्य से दो-चार डिग्री ऊपर है. अगले पांच दिनों के दौरान उत्तर हिंदुस्तान के बाकी हिस्सों में न्यूनतम तापमान में कोई जरूरी परिवर्तन होने की आसार नहीं है.
यहां पड़ रहा घना कोहरा
पूर्वी उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, पश्चिमी मध्य प्रदेश और बिहार के भिन्न-भिन्न हिस्सों में गुरुवार सुबह के समय बहुत घना कोहरा छाया रहेगा. बुधवार सुबह 5.30 बजे दृश्यता बहराइच और गोरखपुर में 25 मीटर, लखनऊ में 200 मीटर, भोपाल में 25 मीटर और गुना में 50 मीटर दर्ज की गई. पूर्णिया में 25 मीटर, जबकि पटना में 200 मीटर की दृश्यता दर्ज की गई. बरेली (50 मीटर), झांसी (200 मीटर) और बीकानेर, जयपुर और अजमेर (प्रत्येक 50 मीटर) उन स्थानों में से थे जहां घने से लेकर बहुत अधिक घना कोहरा छाया रहा.

