बालमुकुंद आचार्य ने अवैध मीट की दुकानें बंद करवाने को लेकर कही ये बड़ी बात
हवामहल में हवा बदलते ही नवनिर्वाचित विधायक बालमुकुंद आचार्य के तेवर तेज हो गए हैं। बालमुकुंद आचार्य गैरकानूनी मीट की दुकानें बंद करवाने पहुंचे तो हंगामा मच गया। पहले सुबह आचार्य ने निगम के अफसरों को गैरकानूनी मीट की दुकानें बंद करने के निर्देश दिए। दोपहर होते होते बालमुकुंद आचार्य स्वयं दुकाने बंद करवाने पहुंच गए।

जयपुर में हवामहल की राजनीतिक हवा बदलते ही बालमुकुंद आचार्य विधायक बनते ही चर्चाओं में आ गए। नवनियुक्त विधायक प्रमाण पत्र लेते ही एक्शन मोड में आ गए क्योंकि सुबह सवेरे ही बालमुकुंद आचार्य ने निगम के अफसरों को गैरकानूनी मीट की दुकानें बंद करवाने के निर्देश दिए लेकिन दोपहर तक तो बालमुकुंद आचार्य स्वयं गैरकानूनी मीट की दुकानें बंद करवाने पहुंच गए। इस दौरान महंत आचार्य से तीखी बहस भी हुई। पहले कर्बला में तीखे तेवर,उ सके बाद आमेर रोड पर मीट की गैरकानूनी दुकानदारों पर जमकर बरसे।
कराची बनाना चाहते हो क्या?
बीजेपी ने हिंदूवादी चेहरे को हवामहल से मैदान में उतारा था। हवामहल विधानसभा में आरंभ से पीछे चल रहे बीजेपी से बालमुकुंद आचार्य की आखिरी राउंड में 974 वोट से जीत हासिल हुई। कल विधायक का प्रमाण पत्र हाथ में थामा और आज सुबह होते होते गैरकानूनी मीट की दुकानें बंद करवाने की ठानी। दुकानें बंद करवाते समय बालमुकुंद आचार्य के तेवर तीखे दिखे। इस दौरान वे दुकानदारों से ये भी कहते दिखे कि मैं मिठाई खाने वाला नहीं हू, ना खाउंगा न खाने दूंगा…कराची बनाना चाहते हो क्या।।गंध मचा रखी है,ये अपरा काशी है।।आंखें मत दिखाना।।बाबा हंगामा है। टूरिस्ट कैसे आएगा। पीछे से लोग ये भी कहते दिखे। गोमाता का मांस बेच रहे हैं कुछ लोग। 40 फीट कब्जा जमाया हुआ है।
प्रशासन के तेवर कितने तेज?
हवामहल की राजनीतिक हवा बदलने के लिए बालमुकुंद आचार्य पहले ही दिन मैदान में उतर गए। अब देखना होगा कि बालमुकुंद के एक्शन के बाद प्रशासन के तेवर कितने तेज होंगे?

