डॉ. अतुल गुप्ता ने गौशालाओं को लेकर साझा किया अपना दृष्टिकोण
गोपाल गोशाला मालपुरा के भ्रमण पर आए अखिल भारतीय गोसेवा समिति के अंतराष्ट्रीय संयोजक डा. अतुल गुप्ता ने गोशाला की प्रबंध को देखकर प्रसन्नता व्यक्त की तथा गोशाला को मॉडल के रूप में विकसित करने की जरूरत जताई. उन्होंने बोला कि गोवंश के माध्यम से गोबर,अगरबत्ती, बायोगैस , धूप बाती सहित अनेक प्रकार के उपयोगी सामग्री बना सकते है. इसके लिए राज्य गवर्नमेंट द्वारा भी आर्थिक सहायता दिया जाता है.

उन्होंने कहा कि साल 2022 में सर्वप्रथम पिंजरा पोल गोशाला सांगानेर से 192 मैट्रिक टन गोबर खाद कुवैत राष्ट्र को एक्सपोर्ट किया गया. जिससे बंजर जमीन को खेती योग्य परिवर्तित किया. जिससे वहां का प्रशाशन बहुत खुश हुआ इसका रिज़ल्ट यह हुआ कि कुवैत के साथ अनेक राष्ट्रों में गोबर एक्सपोर्ट होने लगा .गोबर से गैस बनाए जाने हेतु पीएम मोदी द्वारा 3000 करोड़ का बजट भी दिया गया है.
उन्होंने कहा कि राज्य गवर्नमेंट द्वारा पूर्व में गोशाला को जमीन आवंटन पर लगी रोक को भी हटा दिया है. डा अतुल गुप्ता ने गोशाला के विकास ओर स्वालंबन हेतु अनेक सुझाव समिति को दिए . साथ ही यहां पर जैविक खेती ट्रेनिंग सेंटर खोलने का सुझाव भी दिया जिससे किसानों को नयी तकनीक की जानकारी प्राप्त हो सके.
गोशाला में बीमार गौवंश के उपचार हेतु उच्च ऑफिसरों से वार्ता कर निवारण के निर्देश भी दिए. इस दौरान उनकी धर्मपत्नी मोनिका गुप्ता, कन्हैया एडवोकेट चांदसेन, हेमंत सिंह हापावत गोशाला में उपस्थित रहे. सभी मेहमानों का स्वागत सम्मान समिति द्वारा किया गया. समिति के गिरधारी आगीवाल, ओमप्रकाश नामा, त्रिलोक विजय, पवन जैन संगम,ज्ञान चंद टोरडी, प्रहलाद विजय सागरिया, अरविंद टेलर, अमित पारीक, सहित सभ समिति सदस्य मौजूद रहे

