जल्द कोर्ट में पेश होगा ED का अधिकारी, रिश्वत लेते हुए किया गया था गिरफ्तार
नई दिल्ली: केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने रिश्वतखोरी के एक मुद्दे में दिल्ली में प्रवर्तन निदेशालय (ED) के सहायक निदेशक को अरैस्ट किया है. ऑफिसरों ने कहा कि अरैस्ट अधिकारी की पहचान संदीप सिंह यादव के रूप में हुई है, जिसे दिल्ली से अरैस्ट किया गया है. गिरफ्तारी दिल्ली के लाजपत नगर क्षेत्र में की गई थी, जहां एक कम्पलेन के बाद स्टिंग ऑपरेशन चलाया गया था. अधिकारी को जौहरी के बेटे से जुड़े एक मुद्दे में नरमी बरतने के बदले में एक जौहरी से 20 लाख रुपए की घूस लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया. अब CBI, अरैस्ट प्रवर्तन निदेशालय अधिकारी को न्यायालय में पेश करने जा रही है.

उल्लेखनीय है कि, पिछले वर्ष मई में, संदीप सिंह यादव ED, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) और केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (CBIC) के अनुसार काम करने वाले तीस ऑफिसरों में शामिल थे, जिन्हें हिंदुस्तान के राष्ट्रपति ने निदेशालय में प्रवर्तन के सहायक निदेशक के पद पर नियुक्त किया था. इससे पहले, पिछले महीने सीबीआई ने रिश्वतखोरी के दो भिन्न-भिन्न मामलों में दिल्ली पुलिस के एक सब-इंस्पेक्टर (SI) और दो हेड कांस्टेबल को अरैस्ट किया था. सब-इंस्पेक्टर हौज खास थाने में तैनात था. पहले मुद्दे में आरोपी SI को 2.5 लाख रुपये की घूस लेते रंगे हाथों पकड़ा गया. दूसरे मुद्दे में दोनों हेड कांस्टेबलों को 50,000 रुपये की घूस में से 10,000 रुपये लेते पकड़ा गया.
पिछले वर्ष अगस्त में भी सीबीआई ने दिल्ली शराब घोटाला मुद्दे में आरोपी व्यापारी अमनदीप सिंह ढल्ल से कथित तौर पर 5 करोड़ रुपये की घूस लेने के इल्जाम में प्रवर्तन निदेशालय के एक सहायक निदेशक को अरैस्ट किया था. ED में सहायक निदेशक के रूप में कार्यरत पवन खत्री उन दो ऑफिसरों में से एक थे जिनके विरुद्ध जांच एजेंसी ने रिश्वतखोरी के इल्जाम में कम्पलेन दर्ज की थी.

