भोपाल के इस मेट्रो स्टेशन पर आई ऐसी समस्या, की ‘इंजीनियरिंग’ भी हो गई किनारे…
Bhopal News: एमपी की राजधानी भोपाल में बीते एक महीने के अंदर कई ऐसे ‘अनोखी इंजीनियरिंग’ के मुद्दे सामने आ चुके हैं, जिसमें किरकिरी होती नजर आई है। ताजा मुद्दा एमपी नगर क्षेत्र में बन रहे मेट्रो स्टेशन का है। इस स्टेशन की ऊंचाई सड़क से इतनी कम रखी गई कि चार बार सड़क खोदे जाने के बाद भी बड़े वाहनों के टकराने का खतरा बना रहता है। एमपी नगर मेट्रो स्टेशन की ऊंचाई सड़क से सिर्फ़ 5.5 मीटर है, जिससे भारी वाहनों को गुजरने में कठिनाई हो रही है।

बता दें, एमपी नगर जोन 2 में बना मेट्रो स्टेशन है, जो तैयार होने के बाद से ही समस्याओं से जूझ रहा है। यहां टाउन प्लानिंग का एक भद्दा उदाहरण देखने को मिलता है। सड़क की सतह और मेट्रो स्टेशन के बीच की ऊंचाई 6 मीटर होनी चाहिए, मगर यहां स्टेशन इंजीनियरों की ढिलाई के चलते मेट्रो स्टेशन की ऊंचाई सड़क से सिर्फ़ 5.5 मीटर ही है। हालांकि, अब सुरक्षा और सुधार के अतिरिक्त कुछ नहीं हो सकता है।
मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने कहा, सब सही
दूसरी ओर, मध्य प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (MPMRC) का इस पूरे मुद्दे में बोलना है कि मेट्रो स्टेशन निर्माण में कोई गड़बड़ी नहीं हुई है। सभी जगहों पर निर्धारित नियमों का पालन करते हुए मेट्रो स्टेशन का निर्माण किया गया है। एमपी नगर मेट्रो स्टेशन में भी सड़क के बीच नियमानुसार 5.5 मीटर की ऊंचाई रखी गई है। इससे भारी वाहनों का आवागमन भी नहीं रुकेगा।
अंतिम चरण में पहुंचा काम
बता दें, सुभाष नगर से एम्स भोपाल तक मेट्रो लाइन का काम चल रहा है। हालांकि, हर स्थान अभी तक काम अधूरा ही है। मगर, तब भी मेट्रो प्रशासन का बोलना है कि मेट्रो का काम अपने आखिरी चरण में है। मेट्रो के काम के चलते ट्रैफिक से लेकर तमाम तरह की परेशानियों से जनता को जूझना पड़ रहा है।

