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फैकल्टी डॉक्टर्स ने पीटा विरोध का डंका, सामूहिक छुट्टी पर जाने की दी चेतावनी

Aiims New Delhi: ऑल इण्डिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज नयी दिल्ली में सेक्सुअल हेरेसमेंट मुद्दे में टकराव गहराता जा रहा है नर्स से अभद्रता और उत्पीडन मुद्दे में आरोपी कार्डियो थोरासिक और वैस्कुलर सर्जरी विभाग के हेड डाक्टर एके बिसोई को फिर से बहाल करने की मांग की जा रही है एम्स के फैकल्टी एसोसिएशन ने ऐसा न करने पर हॉस्पिटल प्रशासन को विरोध प्रदर्शन और डॉक्टरों के सामूहिक अवकाश पर जाने की चेतावनी दी है

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एम्स के फैकल्टी एसोसिएशन फेम्स की ओर से बोला गया है कि डाक्टर बिसोई को हेड के पद से हटाने की प्रक्रिया में नियमों का उल्लंघन हुआ है एक नर्स की कम्पलेन के बाद प्रोफेसर को पद से तो हटा दिया गया लेकिन उनका पक्ष नहीं जाना गया फेम्स की ओर से बोला गया कि यदि डाक्टर बिसोई को वापस पद पर बहाल नहीं किया गया तो इसके विरुद्धसिर्फ़ विरोध प्रदर्शन किया जाएगा बल्कि शनिवार को चिकित्सक सामूहिक अवकाश पर रहेंगे

बता दें कि 30 सितंबर को एम्स की नर्सिंग स्टाफ ने डाक्टर बिसोई के विरुद्ध कार्यस्थल पर डराने-धमकाने, उत्पीड़न और गंदी और गैर-पेशेवर और अपमानजनक भाषा के इस्तेमाल का इल्जाम लगाया था एम्स की नर्स यूनियन ने उसी दिन इस बारे में एम्स के निदेशक से कम्पलेन कर दी उसके बाद 4 और 7 अक्टूबर को भी निदेशक और पीएम कार्यालय को कार्रवाई के लिए पत्र लिख दिया था जिस पर संज्ञान लेते हुए एम्स निदेशक ने 11 अक्टूबर को डाक्टर बिसोई को पद से हटा दिया और प्रोफेसर वी देवागौड़ा को विभाग के हेड की जिम्मेदारी सौंप दी

इस कार्रवाई का विरोध कर रही फैकल्टी एसोसिएशन का बोलना है कि इस पूरी प्रक्रिया में डाक्टर बिसोई को अपनी बात रखने का मौका भी नहीं दिया गया, जो कि इन्साफ के सिद्धांतों का उल्लंघन है इसके साथ ही FAIMS ने यह भी प्रश्न उठाया कि कम्पलेन जो पहले ही आंतरिक कम्पलेन समिति (ICC) को भेज दी गई थी, उसे नर्स यूनियन के साथ क्यों साझा किया गया, जबकि यह नियमों के विरुद्ध है

 

एसोसिएशन ने बोला कि नर्स यूनियन द्वारा विरोध की धमकी प्रशासन पर अनावश्यक दबाव है और इससे संस्थान की विश्वसनीयता पर असर पड़ सकता हैफेम्स ने नर्स यूनियन के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की है, जिसमें वर्तमान पदाधिकारियों को निलंबित करना, भविष्य के चुनावों से अयोग्य घोषित करना और यहां तक कि यूनियन पर प्रतिबंध लगाने पर विचार करना शामिल है

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