राष्ट्रीय

खत्म हुआ फर्जी विधायक का खेल, मुंबई में शासकीय सुविधा घोटाले का हुआ खुलासा

 मुंबई से एक चौंकाने वाला मुद्दा सामने आया है, जहां एक आदमी अपनी निजी गाड़ियों पर विधानसभा सदस्य और महाराष्ट्र शासन का स्टिकर लगाकर न सिर्फ़ नकली विधायक बनकर घूम रहा था, बल्कि टोल छूट समेत कई सरकारी सुविधाओं का अनुचित फायदा भी ले रहा था. इस मुद्दे में पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है.

Images 2025 09 09t115916. 211

WhatsApp Group Join Now

शिकायत मिलने के बाद वडाला टीटी पुलिस ने इस मुद्दे में आरोपी के विरुद्ध विभिन्न धाराओं के अनुसार मुद्दा दर्ज कर जांच प्रारम्भ कर दी है. आरोपी की पहचान मानव व्यंकटेश मुन्नास्वामी के रूप में हुई है.

पुलिस के अनुसार, इस मुद्दे में सेवानिवृत्त कर्मचारी और सामाजिक कार्यकर्ता बाबूराव गंगाराम सुलम (59) ने कम्पलेन दर्ज कराई थी. शिकायतकर्ता में कहा कि आरोपी ने अपनी निजी कारों पर हरे रंग का गोल विधानसभा सदस्य लोगो लगाया था, जिसके बीच में हिंदुस्तान गवर्नमेंट का अशोक स्तंभ भी बना हुआ था. इतना ही नहीं, उसने अपनी गाड़ियों पर महाराष्ट्र शासन लिखी विशेष नामपट्टी भी लगाई हुई थी, जो सिर्फ़ अधिकृत सरकारी वाहनों को ही दी जाती है.

शिकायतकर्ता ने यह भी साफ किया कि मानव व्यंकटेश किसी भी प्रकार का जनप्रतिनिधि नहीं है, न ही वह किसी शासकीय पद पर है. बावजूद इसके, वह जनता और प्रशासन के बीच स्वयं को लोकप्रतिनिधि के तौर पर प्रस्तुत करता है. यह कदम न सिर्फ़ कानून का उल्लंघन है, बल्कि शासकीय पदों और अधिकारों का दुरुपयोग कर सरकारी तंत्र को गुमराह करने की षड्यंत्र भी है. पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने इस फर्जीवाड़े का इस्तेमाल टोल छूट और अन्य शासकीय सुविधाएं हासिल करने के लिए किया.

वडाला टीटी पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता, शासकीय प्रतीक अधिनियम और मोटर वाहन अधिनियम की विभिन्न धाराओं के अनुसार मुद्दा दर्ज कर लिया है. आरोपी के विरुद्ध साक्ष्य जुटाया जा रहा है और जल्द गिरफ्तारी की आसार जताई जा रही है.

Back to top button