खेल की दुनिया में अब होगी सख्त कार्रवाई, फ्री फायर-पबजी खेलते पकड़े गए तो लगेगा ₹5,000 का जुर्माना
Bilaspur News: छत्तीसगढ़ के ग्रामीण क्षेत्रों में नशा और मोबाइल गेमिंग की बढ़ती लत अब चिंता का विषय बन गई है। बच्चों और युवाओं को इन बुरी आदतों से दूर रखने के लिए पंचायतें अब कठोर कदम उठा रही हैं। कबीरधाम जिले के छुरिया ब्लॉक के गहिराभेड़ी पंचायत ने एक अनूठा निर्णय लिया है। गांव में कोई भी बच्चा ‘फ्री फायर’ या ‘पबजी’ खेलते पकड़ा गया तो उसके माता-पिता से ₹5,000 का जुर्माना वसूला जाएगा।

वहीं, राजनांदगांव जिले के डोंगरगांव के पास स्थित माथलडबरी पंचायत ने नशा मुक्ति अभियान के अनुसार शराब की गैरकानूनी बिक्री और सेवन पर भारी जुर्माना और कानूनी कार्रवाई का नियम बनाया है। इन दोनों पंचायतों का उद्देश्य है कि गांव के बच्चों और युवाओं को पढ़ाई, खेलकूद और सकारात्मक गतिविधियों की ओर वापस लाया जाए।
पालकों से वसूले जाएंगे ₹5,000
गहिराभेड़ी पंचायत में यह नियम लागू किया गया है कि यदि कोई भी बच्चा ‘फ्री फायर’ या ‘पबजी’ जैसे औनलाइन गेम खेलते हुए पाया गया तो उसके माता-पिता से ₹5,000 का अर्थदंड वसूला जाएगा। निर्णय को लागू करने के लिए कोटवार गांव में लगातार मुनादी कर रहे हैं। इस नियम की जानकारी हर महीने तीन बार मुनादी के जरिए दी जाएगी और जिसकी सूचना पर बच्चा गेम खेलते पकड़ा जाए, उसे ₹1,000 का पुरस्कार मिलेगा।
बच्चों को पढ़ाई की ओर मोड़ने का प्रयास
सरपंच बेदबाई पोर्ते का बोलना है कि यह कदम बच्चों को मोबाइल की बुरी लत से दूर रखने और उन्हें पढ़ाई और खेलकूद की ओर प्रेरित करने के लिए उठाया गया है।
शराब बेचने वालों पर ₹31,000 का दंड
उधर, माथलडबरी पंचायत ने बैठक में फैसला लिया कि गांव में शराब की गैरकानूनी बिक्री करने वालों पर ₹31,000 का जुर्माना लगाया जाएगा और साथ ही उनके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। सार्वजनिक स्थल पर शराब पीते पाए जाने वालों पर ₹10,000 का जुर्माना लगेगा। नशा मुक्ति अभियान के अनुसार गांव में सभी ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से शराब छोड़ने की शपथ भी ली।

