INDIA Bloc Protest: EC के विरुद्ध राग अलाप रहा है विपक्ष, अखिलेश ने फांदी बैरिकेडिंग

कांग्रेस सांसद और विपक्ष के नेता राहुल गांधी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर के पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के जरिए चुनाव आयोग पर हेराफेरी का इल्जाम लगा चुके हैं. उन्होंने कर्नाटक की एक लोकसभा सीट के अनुसार एक विधानसभा सीट के तथ्यों के जरिए कई दावे किए थे और भाजपा-निर्वाचन आयोग की मिलीभगत का इल्जाम लगाया था.
इससे पहले दिल्ली स्थित कांग्रेस पार्टी मुख्यालय में प्रेस वार्ता के दौरान विपक्ष के नेता ने इल्जाम लगाया था कि हिंदुस्तान के चुनाव आयोग और बीजेपी के बीच मिलीभगत हुई थी, जिसके परिणामस्वरूप पीएम मोदी को अपना तीसरा कार्यकाल मिला. राहुल गांधी ने कहा, ‘चुनाव आयोग हमें महादेवपुर (कर्नाटक विधानसभा क्षेत्र) में आंकड़े नहीं दे रहा है. यदि हम अन्य लोकसभा सीटों पर भी ऐसा करें, तो हमारे लोकतंत्र की सच्चाई सामने आ जाएगी.‘ इस पर चुनाव आयोग ने पलटवार किया था. चुनाव आयोग के सूत्रों ने बोला था कि यदि कांग्रेस पार्टी सांसद और विपक्ष के नेता अपने विश्लेषण पर विश्वास करते हैं और मानते हैं कि चुनाव आयोग पर उनके इल्जाम ठीक हैं, तो उन्हें शपथ पत्र पर हस्ताक्षर करने में कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए. इसलिए उनके पास दो विकल्प हैं- या तो शपथ-पत्र पर हस्ताक्षर करें या चुनाव आयोग पर बेतुके इल्जाम लगाने के लिए राष्ट्र से माफी मांगें.

