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खड़गे ने भाजपा-आरएसएस पर भारत की शिक्षा प्रणाली को नष्ट करने का लगाया आरोप

नई दिल्ली, 25 जुलाई (आईएएनएस). वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को वर्ष 2024-25 का बजट पेश किया, जो पीएम मोदी के तीसरे कार्यकाल का पहला बजट था. गुरुवार को कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भाजपा-आरएसएस पर हिंदुस्तान की शिक्षा प्रणाली को नष्ट करने का इल्जाम लगाया लगाया है.

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खड़गे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, भाजपा-आरएसएस हिंदुस्तान के शिक्षा क्षेत्र में कटौती कर इसे नष्ट करना चाहती है! उच्च शिक्षा के बजट में 9,600 करोड़ की भारी कटौती की गई है. अंतरिम बजट में भी इसमें 16.38 फीसदी की कटौती की गई है. आईआईटी और आईआईएम के बजट में लगातार दूसरे वर्ष कटौती की गई है. यूजीसी के बजट में 61 फीसदी की भारी कटौती की गई है.

उन्होंने आगे लिखा, यूजीसी एक वैधानिक निकाय है, और इसे राष्ट्र में एकमात्र आर्थिक सहायता देने वाली एजेंसी माना जाता था, लेकिन मोदी गवर्नमेंट ने इसकी शक्ति छीन ली है, जिससे इसकी स्वायत्तता समाप्त हो गई है. यूजीसी की आर्थिक सहायता निधि की कार्यप्रणाली को उच्च शिक्षा वित्तपोषण एजेंसी (एचईएफए) ने हड़प लिया है, जो केनरा बैंक और शिक्षा मंत्रालय के बीच एक उद्यम है. यह न सिर्फ़ कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को अधिक स्व-वित्तपोषण पाठ्यक्रम प्रारम्भ करने के लिए विवश करेगा, बल्कि एससी, एसटी, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस विद्यार्थियों की वित्तीय समस्याओं को भी बढ़ाएगा.

उन्होंने आगे लिखा, हिंदुस्तान की शिक्षा प्रणाली पर मोदी गवर्नमेंट का पांच तरफा धावा जारी है. विश्वविद्यालयों को नियंत्रित करना, स्वायत्त संस्थानों के धन को गला घोंटना, उनकी स्वायत्तता को कम करना, सार्वजनिक शिक्षा को नष्ट करना और युवाओं को विश्वासघात देने के रूप में धावा लगातार जारी है!

मोदी गवर्नमेंट ने वित्त साल 2024-25 में शिक्षा, रोजगार और कौशल विकास के लिए 1.48 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए हैं, जिसमें बुनियादी शिक्षा, उच्च शिक्षा और रोजगार सृजन पर फोकस किया गया है.

स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग को सर्वाधिक 73,498 करोड़ रुपये का आवंटन प्राप्त हुआ है. उच्च शिक्षा विभाग को 47,619.77 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं. यह पिछले साल की तुलना में 3,525.15 करोड़ रुपए (7.99 प्रतिशत) की वृद्धि को दर्शाता है.

वहीं एक करोड़ युवाओं को मासिक भत्ते के साथ इंटर्नशिप प्रदान करने की योजना प्रारम्भ करने का घोषणा किया गया है.

 

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