जानें, अचानक से अमित शाह से क्यों मिली प्रियंका गांधी…
कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा एवं केरल के सांसदों ने बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की तथा वायनाड जिले में हुए भूस्खलन से प्रभावित लोगों को तुरन्त राहत प्रदान करने की अपील की. प्रियंका गांधी, जो वायनाड से नवनिर्वाचित सांसद हैं, ने इस गंभीर संकट के बारे में चर्चा करते हुए कहा कि प्रभावित परिवारों की मदद, उनके जीवन को फिर से संजीवित करने, और क्षेत्र में जरूरी बुनियादी ढांचे की बहाली के लिए तुरन्त सहायता की जरूरत है. उन्होंने बोला कि यह एक ऐसी त्रासदी है, जिसमें किसी भी प्रकार की दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इन्सानियत की सहायता करना जरूरी है.

प्रियंका गांधी ने गृह मंत्री से आपदा की गंभीरता को देखते हुए पुनर्वास प्रयासों के लिए जरूरी रकम जारी करने पर शीघ्र विचार करने का आग्रह किया. कांग्रेस पार्टी नेता ने बोला कि एक बड़ा क्षेत्र प्रभावित हुआ है, कई लोग मारे गए हैं तथा कुछ परिवार पूरी तरह से तबाह हो गए हैं. प्रियंका गांधी ने संवाददाताओं से कहा, “हमने पीएम और गृह मंत्री को ज्ञापन दिया है. वायनाड में तबाही विशाल है. प्रभावित लोगों ने अपना सब कुछ खो दिया है. ऐसी परिस्थितियों में यदि केंद्र गवर्नमेंट कोई कदम नहीं उठाती है, तो यह पूरे राष्ट्र एवं विशेष रूप से पीड़ितों के लिए एक गलत संदेश जाएगा. पीएम ने पीड़ितों से मुलाकात की थी तथा जब मैं उनसे मिली, तो उन्होंने आशा जताई थी कि उन्हें कुछ राहत मिल सकती है. अब 4 महीने गुजर चुके हैं तथा राहत नहीं प्राप्त हुई है. मैंने गृह मंत्री से अपील की है और उन्होंने हमारी बात ध्यान से सुनी है. मैंने उनसे बोला कि हमें राजनीति से ऊपर उठकर प्रभावित लोगों के दर्द और पीड़ा को समझना चाहिए. केरल के सभी सांसदों की तरफ से हमारी उनसे यह अपील है कि वे इस मामले पर गंभीरता से विचार करें.”
कांग्रेस महासचिव ने कहा कि गृह मंत्री ने उनसे बोला है कि वह अब तक की गई सहायता और आपदा प्रभावितों को राहत देने के लिए आगे की योजना का विवरण प्रदान करेंगे. पार्टी सांसद केसी वेणुगोपाल ने बोला कि इस आपदा का पैमाना केंद्र गवर्नमेंट का ध्यान आकर्षित करने की जरूरत है. उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “प्रियंका गांधीजी ने एक प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व किया तथा वायनाड में भयानक भूस्खलन त्रासदी के पीड़ितों के लिए केंद्रीय गृह मंत्री के सामने तुरन्त रकम जारी करने का निवेदन किया. इस तबाही का पैमाना केंद्र के ध्यान की मांग करता है तथा यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि अब तक कोई सहायता नहीं मिली है. इस साल की आरंभ में वायनाड में भूस्खलन से व्यापक हानि हुआ था, जिसमें प्रदेश के मुताबिक 359 लोग मारे गए या लापता हैं.“
प्रियंका गांधी एवं अन्य कांग्रेस पार्टी नेताओं की इस अपील के बाद अब देखना यह होगा कि केंद्र गवर्नमेंट इस मुद्दे में कितनी तत्परता से कदम उठाती है तथा कब तक राहत कार्य प्रारम्भ किए जाते हैं.

