Opinion: पीएम मोदी ने बनाया हवाई यात्रा को सस्ता और सुलभ
पीएम नरेंद्र मोदी ने 2014 में पद संभालने के बाद घोषणा करते हुए बोला था कि उनका सपना है कि राष्ट्र में चप्पल पहनने वाला आदमी भी हवाई यात्रा करे। पीएम नरेंद्र मोदी का कहने का तात्पर्य यह था कि हवाई यात्रा सस्ता और सर्व सुलभ हो। इसको लेकर उन्होंने राष्ट्र में उड़ान योजना की आरंभ की जिससे राष्ट्र में एयरपोर्ट और हवाई अड्डे का जाल बिछ सके। अब इसका रिज़ल्ट दिख रहा है।

इस वर्ष 23 करोड़ से अधिक होगी हवाई यात्रा
इस वर्ष भारतीय विमानन कंपनियों की यात्री क्षमता 23 करोड़ से अधिक होने का अनुमान है इसमें पहले 6 महीनों में ही रिकॉर्ड 8 करोड़ लोगों ने हवाई यात्रा कर ली। उल्लेखनीय है कि यह 2014 के मुकाबले दोगुनी है। बाजार रिसर्च फर्म मोरडोर इंटेलिजेंस का अनुमान है कि 2024 से 2030 के बीच भारतीय एयरलाइंस बाजार सालाना 11% बढ़ेगा।
दुनिया के विस्तार रेट से अधिक हिंदुस्तान की विस्तार दर
2005 से 2024 एयरलाइंस इंडस्ट्री हिंदुस्तान में हो रहे विस्तार की तुलना यदि दुनिया के हवाई विस्तार से करे तो हिंदुस्तान ने अपनी तेजी में दुनिया को काफी पीछे छोड़ दिया है। ऑफिशियल एयरलाइन गाइड (ओएजी) के मुताबिक, इन 19 सालों में भारतीय विमानन कंपनियों ने सालाना 8.7 – प्रतिशत क्षमता विस्तार किया जबकि वैश्विक स्तर पर एयरलाइंस ने हर वर्ष 6 प्रतिशत ही क्षमता बढ़ाई है। नीदरलैंड्स के आईएनजी बैंक एनवी की एक रिपोर्ट कहती है कि हिंदुस्तान ग्लोबल एयरलाइन इंडस्ट्री का पावरहाउस बनने जा रहा है।
कंपनियों का भी बढ़ रहा है मुनाफा
भारत की सबसे बड़ी घरेलू एयरलाइन को रिकॉर्ड मुनाफा, घाटे से उबरी घरेलू एयरलाइंस बाजार में 60% से अधिक हिस्सेदारी वाली कंपनी इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो) ने वित्त साल 2023-24 में रिकॉर्ड 8,172.5 करोड़ रुपए का फायदा कमाया। 2022-23 में कंपनी ने 305.8 करोड़ रुपए का घाटा उठाया था। इस दौरान स्पाइसजेट का घाटा भी 1,503 करोड़ से कम होकर 409.5 करोड़ रह गया। जबकि अन्य कंपनियां शेयर बाजार में लिस्टेड नहीं हैं।
भारत की भविष्य में ग्रोथ दुनिया से ढाई गुनी अधिक होने का अनुमान
आईएनजी बैंक का मानना है कि अगले 20 वर्ष पूरे विश्व की एयरलाइन इंडस्ट्री सालाना 3-4% ही बढ़ेगी। अभी इसकी ग्रोथ 5-6% है। यूरोप में सबसे सुस्त ग्रोथ की संभावना है, लेकिन भारतीय एयरलाइन इंडस्ट्री की ग्रोथ 10% से ऊपर रहेगी जो कि वैश्विक रेट से काफी अधिक है। इस विस्तार को बनाए रखने के लिए भारतीय विमानन कंपनियों ने काफी आशान्वित हो कर अपना विस्तार भी किया है और नए ऑर्डर भी दिए हैं।
एयर इंडिया, इंडिगो और अकासा एयर ने फरवरी 2023 से लेकर अब तक 16 महीनों में 1,120 विमानों के ऑर्डर दिए हैं। यदि इसमें नैरो-बॉडी एयरक्राफ्ट को शामिल कर लें तो कुल ऑर्डर 1,200 से ऊपर निकल जाएगा। इतने कम समय में इतने ऑर्डर दुनिया में कभी नहीं दिए गए | इसमें इंडिगो ने सबसे अधिक 500, एअर इण्डिया ने 470 और अकासा 150 विमानों के ऑर्डर दिए।
बीजेपी के युवा नेता मनोज यादव का मानना है कि पीएम मोदी के विकास के संकल्पना में राष्ट्र के आखिरी पायदान पर खड़ा आदमी भी शामिल है। मनोज यादव कहते हैं कि इसके अनुसार पीएम मोदी ने विभिन्न योजनाओं को लाया वही राष्ट्र में हवाई क्रांति लाने के लिए उन्होंने उड़ान योजना को लागू किया और राष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में एयरपोर्ट कनेक्टिविटी को बढ़ाया जिससे हवाई उद्योग के साथ-साथ हवाई यात्रियों की संख्या में भी विस्तार हुआ।

