प्रशासन को चिंता में ले आई डोडा में आई बाढ़, शुरू हुआ राहत-बचाव कार्य
जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में मंगलवार को भारी बारिश में चार लोगों की मृत्यु हो गई. वहीं, पिछले 24 घंटों से लगातार हो रही बारिश के कारण जम्मू संभाग में बाढ़ की स्थिति और बिगड़ गई. ऑफिसरों ने कहा कि डोडा जिले में लगातार बारिश के कारण अचानक आई बाढ़ में दो लोगों की मृत्यु हो गई. जबकि, दो अन्य की मृत्यु की जानकारी भी मिली है.

अधिकारियों ने बोला कि कई इलाकों में आवासीय ढांचों और अन्य संपत्तियों को काफी हानि पहुंचा है. जिला प्रशासन हाई अलर्ट पर है और बचाव एवं राहत अभियान जारी है. ऑफिसरों ने निवासियों, खासकर निचले और पहाड़ी इलाकों में रहने वालों से, रुक-रुककर हो रही बारिश के कारण सावधान रहने का आग्रह किया है.
हालात पर केंद्रीय मंत्री डाक्टर जितेंद्र सिंह भी करीब से नजर बनाए हुए हैं. इस संबंध में जानकारी साझा करते हुए उन्होंने बोला कि प्रशासन पूरी सतर्कता से हालात पर नजर बनाए हुए है.
उन्होंने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, अभी-अभी डोडा के डीसी हरविंदर सिंह से बात की. उनके अनुसार, भलेसा के चरवा क्षेत्र में अचानक बाढ़ आने की सूचना मिली है. अभी तक इस अचानक आई बाढ़ से किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है. प्रशासन स्थिति पर नजर रखे हुए है और मेरे कार्यालय को नियमित रूप से अपडेट भेजे जा रहे हैं.
आपातकालीन स्थिति के लिए जिला प्रशासन नियंत्रण कक्ष का संपर्क नंबर 9596776203 जारी किया गया है.
इसी बीच, जम्मू और कश्मीर सीएम कार्यालय ने एक एक्स पोस्ट में बताया, सीएम ने आज सुबह जम्मू में लगातार हो रही बारिश के मद्देनजर बाढ़ से निपटने के तरीकों की समीक्षा के लिए एक बैठक की. उन्होंने ऑफिसरों को हाई अलर्ट बनाए रखने और सभी जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए.
सीएम उमर अब्दुल्ला ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, जम्मू के कई हिस्सों में स्थिति काफी गंभीर है. मैं पर्सनल रूप से स्थिति पर नजर रखने के लिए श्रीनगर से अगली मौजूद उड़ान से जम्मू जाऊंगा. इस बीच, इमरजेंसी पुनर्स्थापन कार्यों और अन्य आवश्यकताओं के लिए उपायुक्तों को अतिरिक्त रकम मौजूद कराने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं.
जम्मू-कश्मीर के कई जिलों में लगातार हो रही बारिश और खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है. बीते दिनों भी सीएम उमर अब्दुल्ला ने सभी संबंधित विभागों को हाई अलर्ट पर रहने का निर्देश दिया था. साथ ही, लोगों को सावधान रहने की राय दी गई थी क्योंकि भारी बारिश के कारण जम्मू और कश्मीर के कई रिहायशी इलाकों में जलभराव जैसी स्थिति है और नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं.

