कुमार विश्वास की सुरक्षा के लिए CRPF कमांडो के दूसरे बैच ने अपने सहयोगियों की ली जगह
कुमार विश्वास और डाक्टर पल्लव बाजपेयी के बीच रोड रेज का मुद्दा तूल पकड़ता दिखाई दे रहा है। गाजियाबाद से अलीगढ़ जाने के क्रम में हुई इस घटना के लिए अब जांच प्रारम्भ कर दी गई है। कुमार विश्वास और उनके सुरक्षाकर्मियों ने बाजपेयी पर गाड़ी में भिड़न्त मारने और हमले का इल्जाम लगाया था। तो वहीं, डाक्टर वाजपेयी ने ठीक इसके उलट बयान दिया था। हालांकि, अब इस मुद्दे पर एक्शन लेते हुए CRPF ने कुमार विश्वास की सुरक्षा में तैनात जवानों को हटा दिया है। 
कोर्ट ऑफ इंक्वायरी का आदेश
पीटीआई ने सूत्रों के हवाले से कहा है कि कुमार विश्वास का सुरक्षा कवर बनाए रखने के लिए CRPF कमांडो के दूसरे बैच ने अपने सहयोगियों की स्थान ले ली है। उनकी सुरक्षा में तैनात तीन जवानों को हटाया गया है। सूत्रों के मुताबिक, 8 नवंबर को हुई रोड रेज की घटना की जांच चलने तक जवानों को ड्यूटी से हटाया गया है। इस मुद्दे में CRPF के महानिदेशक एस एल थाओसेन ने समीक्षा के बाद न्यायालय ऑफ इंक्वायरी का आदेश दिया है।
पूरी जांच होगी
मामले की जांच में प्रथम दृष्टया पाया गया है कि विश्वास के कमांडो ने संभवत: मानक संचालन प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया। कहा जा रहा है कि CRPF ने घटना के वीडियो और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर एक प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार की है। रिपोर्ट में सामने आई बातों को भविष्य की कार्रवाई के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय और कुमार विश्वास के साथ भी साझा किया जाएगा।
पुलिस ने हमले से किया था इनकार
कुमार विश्वास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करके कहा था कि उनके काफिले पर धावा करने का कोशिश हुआ था। हालांकि, पुलिस ने बोला था कि कुमार विश्वास के काफिले पर किसी अज्ञात आदमी के द्वारा हमले के संबंध में प्रारंभिक जांच के क्रम में इल्जाम सिद्ध नही हुए हैं। पुलिस इस मुद्दे में आगे की जांच कर रही है।

