महाराष्ट्र में गणपति विसर्जन के दौरान दो पक्ष भिड़े आपस में…
Maharashtra News: महाराष्ट्र के ठाणे जिले के भिवंडी में गणपति विसर्जन बड़े ही धूमधाम से किया जाता है. हर साल की तरह इस साल भी वंजारपट्टी नाका पर हिंदुस्तानी मस्जिद के बाहर एक मंडप बनाकर, मोहल्ला कमेटी और पुलिस बैठाकर गणेश मंडल का स्वागत करते हैं. रात करीब बारह बजे घुघट नगर से विर्सजन के लिए नदीनाका कामवारी नदी ले जा रहे थे. गणेश जी की बड़ी मूर्ति जब वंजरपट्टी नाका से गुजर रही थी उसी दरमियान हिन्दुस्तानी मस्जिद के पास कुछ युवकों ने मूर्ति पर पथराव कर दिया. जिसके कारण मूर्ति खंडित हो गई, मौके पर मंडल के लोगो ने मूर्ति तोड़ने को लेकर हंगामा हो गया. सूत्रों की माने तो एक पुरुष को भीड़ ने पकड़ लिया उसकी पिटाई कर पुलिस के हवाले कर दिया. भिवंडी के अतिरिक्त बुलढाणा जिले में भी विसर्जन के दौरान दो पक्ष आपस में भिड़ गए. फिलहाल स्थिति तनावपूर्ण है.
पत्थरबाजी के बाद विसर्जन के लिए जा रहे लोगों ने पुलिस के सामने प्रदर्शन किया. लोगों ने बोला कि जब तक पत्थरबाजों को नहीं पकड़ा जाएगा तब तक विजर्सन नहीं किया जाएगा. घटना के बाद कुछ और लोग मौके पर पहुंचे और धार्मिक नारेबाजी करने लगे. देखते ही देखते दो समुदायों के लोग इकट्ठा हो गए. माहौल बिगड़ता देख पुलिस के बड़े अधिकारी मौके पर पहुंचे. उन्होंने लोगों से समझाया, लेकिन लोग पत्थरबाजों की गिरफ्तारी पर अड़े रहे. इसके बाद दोनों समुदायों के लोग उग्र हो गए. पुलिस ने तनाव बढ़ता देख लाठीचार्ज कर दिया. इससे कई लोगों को चोटें आई हैं.
हंगामे के बाद मौके पर पहुंचे भाजपा विधायक
पत्थरबाजी की सूचना पाकर भाजपा विधायक महेश चौघुले अपने समर्थकों के साथ मौके पर पहुंचे और मुद्दे को शांत कराया. इसके बाद विसर्जन को जा रहे लोग शिवाजी चौक पर जमा हो गए और कार्रवाई की मांग करते हुए नारेबाजी करने लगे. उधर दूसरे समुदाय के लोग भी हाफिज दरगाह पर बड़ी संख्या में पहुंचे. इस दौरान भारी मात्रा में पुलिस तैनात रही.
मामले में डीसीपी श्रीकांत परोपकारी और एडिशनल कमिश्नर ज्ञानेश्वर चव्हाण ने कहा कि कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है. मुद्दा दर्ज करने के बाद जांच की जा रही है जो भी गुनेहगार होगा उस पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी.

