एशिया कप के लिए पाकिस्तान में हाई अलर्ट पर सिक्योरिटी
पाकिस्तान को एशिया कप-2023 की मेजबानी सौंपी गई है लेकिन ये महाद्वीपीय टूर्नामेंट हाइब्रिड मॉडल पर खेला जाएगा। हिंदुस्तान के मैचों समेत सेमीफाइनल और फाइनल श्रीलंका में खेले जाएंगे। वर्ष 1996 के बाद पाक पहली बार किसी बड़े टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहा है। ऐसे में सुरक्षा प्रबंध बहुत कड़ी है।

2009 में हुआ था क्रिकेट टीम पर हमला
साल 2009 में श्रीलंकाई टीम ने पाक का दौरा किया था। तब श्रीलंकाई टीम की बस पर आतंकी धावा हो गया था। इसके कारण पाक में कई वर्ष तक किसी भी राष्ट्र की टीम दौरा करने नहीं पहुंची। पाक का दौरा करने वाले राष्ट्रों के लिए सुरक्षा प्रमुख चिंताओं में से एक रही है। हालांकि कुछ समय से सामान्य स्थिति है, फिर भी चिंताएं बनी हुई हैं। पाक क्रिकेट बोर्ड (PCB) एक सुरक्षित टूर्नामेंट को लेकर आश्वस्त है क्योंकि ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और न्यूजीलैंड ने भी इस राष्ट्र का दौरा किया है।
आर्मी और रेंजर्स की तैनाती
1996 में पाक में वनडे वर्ल्ड कप खेला गया था। तब से पहली बार पाक किसी बड़े टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहा है, इसलिए गवर्नमेंट सुरक्षा के मुद्दे में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती। संघीय कैबिनेट ने सभी हिस्सा लेने वाली टीमों और फैंस की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पाकिस्तानी आर्मी और पंजाब रेंजर्स की तैनाती को स्वीकृति दे दी है। एशिया कप का आगाज 30 अगस्त से मुल्तान में होगा। पीसीबी मुल्तान और लाहौर में कुल मिलाकर 4 मैचों की मेजबानी करेगा।
स्टैंडबाय पर स्पेशल फोर्स
इतना ही नहीं, पाक में स्पेशल फोर्स भी स्टैंडबाय पर रहेगी। जियो टीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, पंजाब की कार्यवाहक गवर्नमेंट ने सेना और रेंजर्स की तैनाती का निवेदन किया था। एशिया कप प्रारम्भ होने से 4 दिन पहले शनिवार को निवेदन को स्वीकृति दे दी गई। 27 अगस्त से 6 सितंबर तक गहन सुरक्षा प्रबंध रहेगी। इस बीच, आवश्यकता पड़ने पर स्पेशल फोर्स भी स्टैंडबाय पर रहेंगे। एशिया कप में श्रीलंका, नेपाल, अफगानिस्तान और बांग्लादेश कम से कम एक मैच पाक में खेलेंगे। हिंदुस्तान अपने सभी मैच श्रीलंका में खेलेगा।

