T20 World Cup: डेथ ओवर्स की चुनौती से कैसे पार पाएंगे अर्शदीप-सिराज…
नई दिल्ली. हिंदुस्तान ने टी20 वर्ल्ड कप की अपनी टीम में 4 स्पिनरों को चुना है, जबकि तेज गेंदबाजों की संख्या तीन ही है. इससे पता चलता है कि भारतीय चयनकर्ताओं को अमेरिका और वेस्टइंडीज में धीमी पिच की आशा है. क्या भारतीय चयनकर्ताओं ने 15 सदस्यीय टीम में केवल 3 तेज गेंदबाजों को चुनकर कोई गलती की है. तेज गेंदबाजी में पसंद पर भी प्रश्न उठे हैं.

आईपीएल प्रारम्भ होने से पहले तेज गेंदबाजी विभाग में केवल जसप्रीत बुमराह का चयन तय था जबकि अन्य तेज गेंदबाजों को लीग में स्वयं को साबित करना था. मंगलवार को चुनी गई टीम को देखते हुए चयनकर्ताओं ने सुरक्षित रुख अपनाया और एक जून से प्रारम्भ होने वाले आईसीसी टूर्नामेंट में बुमराह का साथ देने के लिए मोहम्मद सिराज और अर्शदीप सिंह को चुना. संदीप शर्मा, आवेश खान और टी नटराजन जैसे तेज गेंदबाजों को नजरअंदाज कर दिया गया, जिन्होंने मौजूदा इंडियन प्रीमियर लीग में डेथ ओवरों (अंतिम ओवरों) में अपने गेंदबाजी कौशल से प्रभावित किया.
भारत के लिए मोहम्मद सिराज ने 10 और अर्शदीप ने 44 टी20 अंतर्राष्ट्रीय मैच खेले हैं. इन दोनों का मौजूदा इंडियन प्रीमियर लीग में प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा लेकिन हिंदुस्तान के लिए उनके अतीत के प्रदर्शन के आधार पर उन्हें टीम स्थान मिली है. यह जोड़ी नयी गेंद को स्विंग कराने की क्षमता रखती है, लेकिन टी20 क्रिकेट में यह भी उतना ही जरूरी है कि कोई गेंदबाज डेथ ओवर में बल्लेबाजों को कैसे रोकता है. अर्शदीप और सिराज दोनों ही इंडियन प्रीमियर लीग में डेथ ओवर में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए हैं.
मोहम्मद सिराज ने 9.50 रन प्रति ओवर की रेट से रन दिए हैं जबकि अर्शदीप काफी महंगे साबित हुए हैं. उन्होंने प्रति ओवर 9.63 रन की रेट से रन लुटाए हैं. अर्शदीप ने हालांकि नौ मैच में 12 विकेट चटकाए हैं. उन्होंने 2022 टी20 विश्व कप में भी 10 विकेट हासिल किए थे.
पूर्व मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद की राय में विश्व कप में तीन तेज गेंदबाजों को ले जाना काफी होगा और उन्हें चुने गए खिलाड़ियों से भी कोई परेशानी नहीं है. प्रसाद ने कहा, ‘वहां की पिचों से धीमे गेंदबाजों को सहायता मिलने की आशा है और इसीलिए वे चार स्पिन विकल्पों के साथ जा रहे हैं.’ उन्होंने कहा, ‘अंतिम एकादश में मैं हार्दिक पंड्या के साथ सिर्फ़ दो जानकार तेज गेंदबाजों को खेलता हुआ देखता हूं. मैं बुमराह और सिराज के साथ आरंभ करना चाहूंगा लेकिन प्रबंधन विपक्षी बल्लेबाजों के संयोजन के आधार पर सिराज और अर्शदीप में से एक को चुन सकता है.’
एमएसके प्रसाद ने इसे ‘संतुलित टीम’ बताया. हालांकि उन्हें लगता है कि लोकेश राहुल इसमें स्थान पाने के हकदार थे. हिंदुस्तान के पूर्व विकेटकीपर ने कहा, ‘बल्लेबाजी के नजरिए से यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि लोकेश राहुल जैसा खिलाड़ी चूक गया है लेकिन मुझे विश्वास है कि वह जोरदार वापसी करेगा.’
हालांकि आईसीसी प्रतियोगिता के लिए हिंदुस्तान के गेंदबाजी संयोजन से जुड़े प्रसाद के विचारों से सभी सहमत नहीं हैं. ऑस्ट्रेलिया की टी20 विश्व कप विजेता टीम के कप्तान रहे एरॉन फिंच को लगता है कि सिराज और अर्शदीप के लगातार अच्छा प्रदर्शन नहीं करने के कारण बुमराह को तेज गेंदबाजी विभाग में अधिक योगदान की आवश्यकता है. फिंच ने ‘स्टार स्पोर्ट्स’ से कहा, ‘मैं चार स्पिनरों से भी दंग था. मैंने रिंकू (सिंह) और सिर्फ़ दो स्पिनरों को चुना था.’
एरॉन फिंच ने कहा, ‘मेरी शुरुआती टीम में मेरे पास अतिरिक्त तेज गेंदबाज थे क्योंकि मुझे लगता है कि गेंद के साथ जसप्रीत बुमराह के अतिरिक्त अन्य के प्रदर्शन में निरंतरता की कमी को देखते हुए, विशेषकर पावर-प्ले में, मैं तेज गेंदबाजों के लिए अतिरिक्त योगदान चाहता था. यदि वे मैच में तीन स्पिनरों को खिलाना चाहते हैं तो उनमें से एक को पावरप्ले में गेंदबाजी करने के लिए तैयार रहना होगा और मैं उनमें से किसी को भी लगातार ऐसा करते हुए नहीं देखता.’
वेस्टइंडीज के पूर्व तेज गेंदबाज इयान बिशप ने बोला कि 15 सदस्यीय टीम में चार स्पिनरों की आवश्यकता नहीं थी. उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि टूर्नामेंट में स्पिन की किरदार होगी. मेरी एकमात्र चिंता यह है कि विश्व कप के लिए पिचें द्विपक्षीय सीरीज या घरेलू टूर्नामेंटों में देखी गई पिचों से थोड़ी अलग हो सकती हैं. इसलिए मुझे लगता है कि चार स्पिनरों की आवश्यकता नहीं थी.’

