संगीत नाटक अकादमी में तीन दिवसीय ‘दस्तक’ कार्यक्रम में कलाकारों को मिलेगा शानदार मंच
लखनऊ के गोमतीनगर स्थित संगीत नाटक अकादमी में तीन दिवसीय ‘दस्तक’ कार्यक्रम की आरंभ हुआ. इस बार कार्यक्रम की थीम युवा, यात्राएं और शांति पर आधारित है. कार्यक्रम में रंगोली, मेंहदी, डिबेट, बैतबाजी, फोटोग्राफी, कविता और गायन प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं.

अकादमी को कला, साहित्य, विज्ञान और सामाजिक सुधारकों के चित्रों से सजाया गया है. स्वामी विवेकानंद, कबीर, डाक्टर आंबेडकर और गौतम बुद्ध की फोटोज़ विशेष आकर्षण का केंद्र हैं.कार्यक्रम का उद्घाटन वीना राना करते हुए.
उन्होंने बोला कि ‘दस्तक’ एक अनूठा फेस्टिवल है. यहां युवा केवल प्रतिस्पर्धा नहीं करते, बल्कि दोस्ती और जीवन के जरूरी मुद्दों पर भी सीखते हैं. कार्यक्रम के आयोजक भी वही युवा हैं जो इसमें भाग लेते हैं.
सोशल मीडिया के असर विषय पर चर्चा
डिबेट प्रतियोगिता में सोशल मीडिया और इन्फ्लूएंसर का यात्राओं पर असर विषय पर चर्चा हुई. मेहा डौंडियाल और प्रोफेसर शाजिया सिद्दीकी ने न्यायधीश की किरदार निभाई. बैतबाजी में उर्दू कविताओं का आयोजन हुआ, जिसमें प्रोफेसर साबिरा हबीब और अर्शी अल्वी न्यायधीश थे.
रंगोली प्रतियोगिता थीम’हम तो झोला उठा कर चले’
सोलो सिंगिंग में प्रतिभागियों ने दोस्ती और समानता पर गीत प्रस्तुत किए. सफ़ीना खान और पूर्णिमा मिश्रा ने इनका मूल्यांकन किया. रंगोली प्रतियोगिता ‘हम तो झोला उठा कर चले’ थीम पर आयोजित की गई, जिसका मूल्यांकन पवन शुक्ला और डाक्टर पूनम ठाकुर ने किया.
कल स्टैंड-अप कॉमेडी गायन जैसी प्रतियोगिताएं होंगी
आयोजक दीपक कबीर ने कहा कि आज के कार्यक्रम में यात्राओं, पर्यावरण, और सामाजिक मुद्दों को कला और रचनात्मकता के माध्यम से प्रस्तुत किया गया था. साथ ही, कल पोस्टर, स्टैंड-अप कॉमेडी, नुक्कड़ नाटक, क्ले मॉडलिंग, और समूह गायन जैसी प्रतियोगिताएं होंगी.
2 मार्च को कुणाल सावरकर की टीम विशेष क्विज
दस्तक का यह आयोजन यूपी पर्यटन, संगीत नाटक अकादमी, और अन्य संस्थाओं के योगदान से हो रहा है.जिसमें 2 मार्च को मुंबई से क्विज मास्टर कुणाल सावरकर की टीम विशेष क्विज का आयोजन करेगी. विजेताओं को क्रमशः 20,000, 15,000 और 10,000 रुपये के पुरस्कार दिए जाएंगे.

