उत्तर प्रदेश
CM Yogi ने विपक्षी पार्टियों पर किया हमला, कहा- कोई मौका नहीं छोड़ते…
उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए बोला कि महाकुंभ जैसा इतना विशाल समागम दुनिया में कहीं नहीं हुआ लेकिन विरोधियों ने इसके दुष्प्रचार का कोई मौका नहीं चूका. सीएम आदित्यनाथ ने यहां स्वच्छता और स्वास्थ्य कर्मियों के सम्मान के लिए आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, “महाकुंभ में 66 करोड़ 30 लाख श्रद्धालु आए, जिसमें अपहरण, लूट, छेड़छाड़ और बलात्कार की कोई घटना नहीं हुई.” उन्होंने कहा, “कोई ऐसी घटना नहीं हुई जो विरोधियों को दूरबीन और माइक्रोस्कोप लगाकर भी ढूंढने से मिल सके. विरोधियों ने दुष्प्रचार का कोई मौका चूका नहीं.

WhatsApp Group
Join Now
जिन्हें यह आस्था का महासमागम अच्छा नहीं लगा, उन्होंने कोई मौका नहीं चूका.” सीएम ने कहा, “मौनी अमावस्या पर आठ करोड़ श्रद्धालु यहां पर थे. हमारी अहमियत थी कि इन श्रद्धालुओं को सकुशल स्नान कराके उन्हें उनके गंतव्यों तक पहुंचाया जाए. लेकिन विरोधी और विपक्षी लगातार दुष्प्रचार कर रहे थे और अपमानित करने की का इस्तेमाल कर रहे थे.” उन्होंने कहा, “कोई काहिरा की घटना का दृश्य दिखाकर प्रयागराज को बदनाम कर रहा था. मौनी अमावस्या पर 28-29 जनवरी की रात को दुखद घटना घटित हुई थी. उन सभी लोगों के परिजनों के प्रति हमारी संवेदना है. लेकिन काहिरा और काठमांडू की घटना को प्रयागराज से जोड़कर बदनाम करने की साजिशें हो रही थीं.” सीएम ने कहा, “मुझे लगता है कि जनता जनार्दन ने एक सिरे से इन्हें खारिज करके प्रयागराज महाकुंभ में आकर यह साबित किया कि तुम्हारे दुष्प्रचार में नहीं आएंगे.”
योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में पीएम नरेन्द्र मोदी द्वारा महाकुंभ को लेकर मध्य प्रदेश में की गई बातों का उल्लेख करते हुए कहा, “प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में महाकुंभ में स्वच्छता और सुरक्षा की सबसे अधिक प्रशंसा की थी.” उन्होंने कहा, “सरकार के सभी विभागों ने स्वास्थ्य, सुरक्षा, सिंचाई विभाग, जलापूर्ति, परिवार कल्याण विभाग के कर्मचारियों ने इस आयोजन को अपने घर का आयोजन बनाकर इसे भव्य और सफल बनाने का काम किया और तभी इतनी बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस आयोजन का हिस्सा बन सके.” उन्होंने कहा, “महर्षि वेद व्यास ने 5,000 वर्ष पहले बोला था कि धर्म के मार्ग पर चलो तो इससे अर्थ और मनोकामनाओं की पूर्ति होगी और प्रयागराज के वासियों ने वेद व्यास की इस वाणी को सत्य साबित किया.” उन्होंने कहा, “प्रयागराज नगर निगम में शिवालय पार्क बनाया और उसमें किए गए निवेश से कई गुना अधिक फायदा कमाया. यह आयोजन संपन्न हुआ और अब स्वच्छता को नए शिखर पर ले जाना है. मैंने आज स्वच्छता अभियान प्रारम्भ किया और चाहूंगा सभी इसमें शामिल हों और अगले 15 दिन जी जान से इसमें जुटना पड़ेगा और मेला क्षेत्र को साफ करना पड़ेगा.”
मुख्यमंत्री ने महाकुंभ में कार्य करने वाले प्रत्येक स्वच्छता कर्मी के लिए 10,000 रुपये अतिरिक्त बोनस देने की घोषणा की. साथ ही उन्होंने बोला कि स्वच्छताकर्मियों को भुगतान के लिए एक कॉरपोरेशन गठित किया जाएगा जो अप्रैल माह से प्रत्येक स्वच्छता कर्मी को 16,000 रुपये प्रतिमाह वेतन का भुगतान करेगा. उन्होंने कहा, “न्यूनतम मजदूरी से सिर्फ़ सफाईकर्मियों को नही, बल्कि स्वास्थ्य कर्मियों को भी इस प्रबंध से जोड़ा जाएगा. इसके अलावा, स्वास्थ्य कर्मी, सफाई कर्मी और अन्य कर्मचारियों को पांच लाख रुपये तक की स्वास्थ्य बीमा का फायदा दिया जाएगा.” सीएम ने कहा, “पहले की सरकारों ने हिंदुस्तान की आस्था को सम्मान और महत्व नहीं दिया. क्या प्रयागराज, क्या काशी, क्या अयोध्या, क्या मथुरा वृंदावन, क्या चित्रकूट. इन स्थानों पर आस्था और अर्थ का जो आधार बना है, वह अद्भुत है. हम पीएम का आभार प्रकट करते हैं जिन्होंने हिंदुस्तान को एक नयी राह दिखाई है.”
योगी आदित्यनाथ ने कहा, “महाकुंभ के दौरान काशी विश्वनाथ और विंध्यवासिनी का एक सर्किट बना तो अयोध्या और गोरखपुर का दूसरा सर्किट बना. वहीं प्रयागराज से श्रृंग्वेरपुर होते हुए लखनऊ और नैमिषारण्य का तीसरा सर्किट. चौथा सर्किट बना प्रयागराज से लालापुर-राजापुर और चित्रकूट का. पांचवा सर्किट बना प्रयागराज से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से वृंदावन का.” उन्होंने बोला कि हिंदुस्तान गवर्नमेंट के विभागों ने महाकुंभ को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने में जरूरी सहयोग दिया. साथ ही प्रयागराज के वासियों ने इस आयोजन को अपने घर का आयोजन माना. यूपी के लोगों ने हर स्थान श्रद्धालुओं और पूज्य संतों का स्वागत अभिनंदन किया. “मैं सभी का अभिनंदन करता हूं.” सीएम ने कार्यक्रम में स्वच्छता कर्मियों को सम्मानित करते हुए उन्हें किट और बीमा प्रमाणपत्र प्रदान किया. साथ ही उन्होंने पर्यटन विभाग द्वारा प्रकाशित ‘एसेंस ऑफ कुंभ’ कॉफी टेबल बुक का विमोचन भी किया. इस अवसर पर सीएम को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड की ओर से मेला प्राधिकरण द्वारा स्थापित तीन विश्व रिकॉर्ड का प्रमाणपत्र भी प्रदान किया गया जिसमें पहला रिकॉर्ड एक साथ सर्वाधिक लोगों (329) द्वारा एक ही समय में कई स्थलों पर नदी की सफाई, दूसरा रिकॉर्ड एक साथ सर्वाधिक (19,000) सफाईकर्मियों द्वारा सफाई अभियान चलाए जाने और तीसरा आठ घंटे तक सर्वाधिक (10,102) लोगों द्वारा हैंडप्रिंट बनाने का विश्व रिकॉर्ड शामिल है.