सीसीटीवी कैमरे और तमाम निगरानी के बावजूद भी यूपी में चोरी हुआ रैपिड रेल का तार
यूपी के मेरठ में परतापुर में रैपिड स्टेशन से लेकर संगम होटल के बीच करीब 500 मीटर ओएचई तार चोरी कर लिया गया. गुरुवार सुबह मुद्दे की जानकारी लगी तो हड़कंप मच गया. प्रकरण की जानकारी क्षेत्रीय स्टाफ ने एलएंडटी अफसरों को दी. इस मुद्दे में एलएंडटी के फील्ड अधिकारी एस जेबला ने परतापुर पुलिस स्टेशन में अज्ञात चोरों के विरुद्ध कम्पलेन दी है. करीब एक माह पूर्व भी चोरों ने साउथ स्टेशन के ऊपर से कापर का 30 मीटर तार चोरी कर लिया था.

एनसीआरटीसी की रैपिड ट्रेन का निर्माण कार्य एलएंडटी कंपनी देख रही है. परतापुर में मेरठ साउथ स्टेशन से मेरठ शहर को जाने वाले ट्रैक पर बिजली के पोल लगाने और कॉपर के ओएचई वायर लगाने का कार्य जारी है. सुरक्षा के मद्देनजर यहां पर कंपनी की ओर से चोरी की घटनाओ को रोकने के लिए ट्रैक पर लगे बिजली के पोल पर कैमरे लगाए गए हैं. इस सबके बावजूद चोरों का गैंग एक्टिव है. बुधवार को चोरों के गैंग ने परतापुर में रैपिड स्टेशन से रिठानी के बीच चोरी की घटना अंजाम दी और संगम चौराहे तक कापर का 500 मीटर ओएचई वायर चोरी कर लिया.
इसके चलते इलेक्ट्रिक लाईन बिछाने का काम प्रभावित हो गया. कहा जा रहा है कि सुरक्षा के व्यवस्था के बावजूद वायर का चोरी होना सुरक्षा में चूक बताया जा रहा है. इस प्रकरण में परतापुर पुलिस को सूचना दी गई है, जिसके बाद छानबीन प्रारम्भ कर दी गई है. हालांकि अभी तक पुलिस के हाथ कोई खास जानकारी नहीं लगी है. एलएंडटी के अधिकारी इस मुद्दे में शुक्रवार को परतापुरथानेजाएंगे.
पहले भी हुई थी चोरी
यह पहला मुद्दा नहीं, जब रैपिड की सुरक्षा में सेंधमारी हुई है. एक माह पूर्व भूडबराल स्थित साउथ स्टेशन के ऊपर से चोरों ने कापर का 30 मीटर तार चोरी कर लिया था. कंपनी के अधिकारियो ने परतापुर पुलिस स्टेशन में चोरी की तहरीर दी थी, जिसका परतापुर पुलिस घटना का खुलासा भी नहीं कर पाई है. अब दूसरी घटना होने के बाद सुरक्षा पर प्रश्न खड़े हो रहे हैं.
महंगी मूल्य में बेचते हैं कॉपर वायर
रैपिड निर्माण के दौरान लगातार कई साइट से पूर्व में लोहा और अन्य सामान चोरी किया गया था. इस मुद्दे में संबंधित कंपनी ने भिन्न भिन्न थानों में रिपोर्ट दर्ज कराई थी. अब रैपिड के स्टेशन तैयार होने के बाद तार और अन्य सामान चोरी करने की घटनाएं होने लगी हैं. पूर्व में कुछ कबाड़ियों को टीपीनगर पुलिस ने अरैस्ट किया था, जो रैपिड के निर्माण में लगने वाले सामान को चोरों से खरीद लेते थे.
रैपिड से जुड़ा आदमी हो सकता है शामिल
रैपिड ट्रैक पर सामान और बाकी सुरक्षा के लिए कंपनी ने हर स्टेशन और जरूरी सेंटर पर दो से तीन गार्ड तैनात किए हैं. सीसीटीवी भी लगे हैं. जहां चोरी हो रही है, वह काफी ऊंचाई पर है. यहां पहुंचने का आम रास्ता नहीं है. सिर्फ़ निर्माण साइट से होकर बनाए गए रास्तों से ही ऊपर स्टेशन तक जाया जाता है. इसके बाद भी चोरी की घटनाएं होने के कारण बताया जा रहा है कि घटना में कोई अंदर का आदमी शामिल हो सकता है.
इंस्पेक्टर परतापुर, जितेंद्र कुमार सिंह ने बोला कि पुलिस को कम्पलेन की गई है, लेकिन साफ कुछ भी नहीं कहा गया है. संबंधित कंपनी के ऑफिसरों को शुक्रवार को वार्ता करने और पूरी जानकारी के लिए पुलिस स्टेशन बुलाया गया है. इसके बाद ही जानकारी लग सकेगी कि कितना तार चोरी किया गया.

