देवकीनंदन महाराज ने एएमयू कैंपस में मंदिर बनाने की मांग की…
अलीगढ़ मुसलमान यूनिवर्सिटी में मंदिर बनाने की मांग एक बार फिर तेज हो गई है. जाने माने कथावाचक देवकीनंदन महाराज ने सोमवार को डिप्टी मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के मंच से एएमयू कैंपस में मंदिर बनाने की मांग की है. इतना ही नहीं उन्होंने यह भी बोला कि यदि कैं

कथावाचक देवकी नंदन महाराज सोमवार को अलीगढ़ में राधारमण गौसेवा समिति के जरिए बने आवासीय गोवंश चिकित्सा केंद्र के शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल हुए थे. उन्होंने बोला कि एएमयू में 4-5 हजार हिंदू छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं. उन्हें भी अपनी धार्मिक पूजा पाठ करने का अधिकार है. इसलिए कैंपस के अंदर मंदिर की स्थापना की जानी चाहिए.
संविधान में बराबरी का अधिकार, तो बने मंदिर
कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर महाराज ने मंच से संबोधित करते हुए बोला कि राष्ट्र का संविधान सभी को बराबरी का अधिकारी देता है. राष्ट्र की सभी सेंट्रल यूनिवर्सिटी केंद्र गवर्नमेंट के बजट से ही संचालित होती हैं.
उन्होंने बोला कि अलीगढ़ मुसलमान यूनिवर्सिटी के 4 से 5 मस्जिदें हैं. मुसलमान विद्यार्थी यहां अपने रीति रिवाज और धार्मिक अनुष्ठान करते हैं. लेकिन कैंपस के अंदर एक भी मंदिर नहीं है, जबकि यहां हिंदू विद्यार्थी भी पढ़ाई कर रहे हैं. इसलिए गवर्नमेंट को जल्द से जल्द कैंपस के अंदर मस्जिद का निर्माण कराना चाहिए.
सरकार कराए मंदिर का निर्माण
देवकीनंदन महाराज ने डिप्टी मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से बोला कि वह अलीगढ़ से दिल्ली जा रहे हैं. दिल्ली जाकर वह केंद्र गवर्नमेंट के सामने विद्यार्थियों की मांग को पहुंचाएं और केंद्र गवर्नमेंट से एएमयू के अंदर मंदिर बनवाने की बात को आगे बढ़ाए.
वक्फ बिल में संशोधान महत्वपूर्ण था
उन्होंने बोला कि वक्फ संशोधन बिल राष्ट्र के लिए बहुत महत्वपूर्ण था. इसके लिए केंद्र गवर्नमेंट और प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी शुभकामना के पात्र हैं. उन्होंने बोला कि ये कहां का कानून है कि पहले किसी की जमीन पर कब्जा कर लो, इसके बाद जब वह अपनी जमीन वापस मांगे तो स्वयं ही उसकी सुनवाई करो. उन्होंने बोला कि राष्ट्र के 195 सांसदों ने इस जंग को लड़ा है.

