इस स्कीम के तहत लगाएं आम के बाग, कैसे करें आवदेन
शाहजहांपुर : उत्तर प्रदेश गवर्नमेंट किसानों को आम के नए बाग लगाने के लिए प्रेरित कर रही है। किसानों का रुझान भी बागवानी की ओर बढ़ रहा है। गवर्नमेंट द्वारा राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के अनुसार किसानों को आम का नया बाग लगाने के लिए 3 साल तक आर्थिक सहायता दिया जा रहा है। खास बात यह है कि नए लगाए गए बाग में पौधे सूखने के बाद नए पौधे लगाने के लिए भी विभाग द्वारा भुगतान किया जा रहा है। योजना का फायदा लेने के लिए किसानों को उद्यान विभाग की वेबसाइट पर औनलाइन पंजीकरण करना होगा।

जिला उद्यान अधिकारी पुनीत कुमार पाठक ने लोकल 18 को कहा कि बागवानी को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के अनुसार किसानों को आम के नए बाग लगाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। जिसके लिए विभाग द्वारा राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के अनुसार किसानों को आर्थिक सहायता दिया जा रहा है। शाहजहांपुर में किसानों में आम की बागवानी करने को लेकर काफी रुझान बढ़ा है। जिसके अनुसार विभाग द्वारा किसानों को आम का बाग लगाने के लिए सहायता की जा रही है। किसान उद्यान विभाग की सहायता से आम का बाग लगाना चाहते हैं तो वह आर्थिक सहायता लेने के लिए पंजीकरण कर सकते हैं।
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पुनीत कुमार पाठक ने कहा कि राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के अनुसार किसान उद्यान विभाग की वेबसाइट या कार्यालय पहुंचकर आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने के लिए संबंधित खेत की खतौनी, किसान का आधार कार्ड, बैंक पासबुक और दो फोटो की जरूरत है। आवेदन पूरी तरह से मुफ़्त है। आवेदन के बाद जिस किसान का चयन होता है, उसको आम का बाग लगाने के लिए प्रथम साल 7650 रुपए का आर्थिक सहायता दिया जाएगा। इसी तरह से दूसरे और तीसरे साल भी किसान के खाते में आर्थिक सहायता की राशि भेज दी जाएगी।
सूखे पौधे की स्थान नया पौधा देगा विभाग
पुनीत कुमार पाठक ने लोकल 18 को कहा कि जो किसान राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के अनुसार आम का बाग लगाते हैं और आम का कोई पौधा सूख जाता है तो विभाग नया पौधा लगाने के लिए भी किसानों को योगदान करता है। किसान मरे हुए पौधे की स्थान पर नया पौधा लगाएं और बिल जिला उद्यान कार्यालय में जमा कर दें, विभाग की ओर से नए पौधे के लिए भुगतान कर दिया जायेगा।
ड्रिप सिंचाई सिस्टम के लिए 90 फीसदी सब्सिडी
पुनीत कुमार पाठक ने कहा कि बागवानी के साथ-साथ जल संरक्षण को लेकर भी काम किया जा रहा है। विभाग के द्वारा ड्रिप सिंचाई के लिए किसानों को प्रेरित किया जा रहा है। ड्रिप सिंचाई सिस्टम लगाने के लिए अनुसूचित जाति अनुसूचित

