सुलतानपुर कोर्ट में राहुल गांधी की पेशी आज
गृहमंत्री अमित शाह के मानहानि मुद्दे में रायबरेली के सांसद और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आज सुलतानपुर की MP/MLA न्यायालय में पेश होंगे. यहां वो मुल्ज़िम के तौर पर अपने बयान दर्ज कराएंगे. वो दिल्ली से फ्लाइट से लखनऊ एयरपोर्ट पर पहुंचेंगे. लखनऊ से पूर्वांचल

बीते 2 जुलाई को इस मुद्दे में न्यायालय में सुनवाई हुई थी, जहां राहुल गांधी की ओर से उनके अधिवक्ता काशी प्रसाद शुक्ला ने ये कहते हुए आखिरी मौका मांगा था कि लोकसभा में कार्रवाई के कारण राहुल गांधी आ नहीं सके हैं. एक आखिरी मौका दिया जाए, उन्होंने बजट सत्र का हवाला देते हुए 26 जुलाई की तिथि की मांग की थी.
याचिका कर्ता बीजेपी नेता विजय मिश्रा के एडवोकेट संतोष पांडेय ने न्यायालय से बोला था कि राहुल गांधी कई पेशी से न्यायालय पर नहीं आ रहे ऐसे में उनके खिलाफ वारंट की कार्रवाई की जाए.
20 फरवरी सुलतानपुर न्यायालय में सरेंडर करने के बाद राहुल गांधी को जमानत मिली थी.
राहुल ने बोला था- बीजेपी अध्यक्ष मर्डर के आरोपी हैं
सुल्तानपुर के बीजेपी नेता विजय मिश्रा ने इल्जाम लगाया था कि 8 मई 2018 को बेंगलुरु में कर्नाटक चुनाव के दौरान राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी. इसमें उन्होंने बोला था- “अमित शाह मर्डर के आरोपी हैं. उच्चतम न्यायालय ने न्यायधीश लोया मुद्दे में इसका उल्लेख किया. इसलिए मुझे नहीं लगता कि अमित शाह की कोई विश्वसनीयता है. जो पार्टी ईमानदारी और शुचिता की बात करती है, उसका अध्यक्ष मर्डर का आरोपी है.“
राहुल ने अमित शाह को कातिल कहा था.
35 मिनट न्यायालय में रहेंगे राहुल गांधी
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी सुबह 07 बजकर 10 मिनट पर दिल्ली एयरपोर्ट से चलकर लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचेगें. यहां से 08.20 पर लखनऊ एयरपोर्ट से सड़क मार्ग पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से होते हुए सुबह 10 बजकर 30 मिनट पर सिविल न्यायालय पहुंचेंगे और न्यायालय में सुनवाई के लिए पेश होने के उपरांत 11 बजकर 05 मिनट पर सुल्तानपुर सिविल न्यायालय से सड़क मार्ग से लखनऊ एयरपोर्ट के लिए होंगे रवाना. प्रशासन ने कांग्रेस पार्टी सांसद के आगमन के मामले में प्रोटोकॉल जारी किया है.
ये तस्वीर 20 फरवरी कर है, जब राहुल गांधी सुलतानपुर न्यायालय पहुंचे थे.
जमानत के बाद से 13 डेट में नहीं आए राहुल गांधी
राहुल ने 20 फरवरी 2024 को सुलतानपुर न्यायालय पहुंचकर सरेंडर किया था. तत्कालीन न्यायधीश योगेश यादव ने उन्हें 25-25 हजार के दो मुचलके पर जमानत देते हुए 2 मार्च को बयान मुल्ज़िम दर्ज कराने के आदेश दिए थे. इसके बाद पहली तारीख 2 मार्च को लगी थी.
इसके बाद 13 मार्च, 22 मार्च, 2 अप्रैल, 12 अप्रैल, 22 अप्रैल, 2 मई, 14 मई, 27 मई, 7 जून, 18 जून और 26 जून और 2 जुलाई की डेट पड़ी. लेकिन इनमें से किसी भी पेशी पर राहुल नहीं पहुंचे. 26 जून को न्यायालय ने राहुल गांधी को पर्सनल रूप से तलब किया था. राहुल गांधी के वकील काशी शुक्ला हाजिरी माफी की अर्जी देते रहे हैं.
ये बीजेपी नेता विजय मिश्रा हैं. जिन्होंने राहुल पर मुकदमा दर्ज करवाया है.
2018 में बीजेपी नेता विजय मिश्रा ने दर्ज कराया था केस
सुलतानपुर में कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के हनुमानगंज निवासी बीजेपी नेता विजय मिश्रा ने अगस्त 2018 में राहुल के विरुद्ध MP/MLA न्यायालय में परिवाद दाखिल किया था. लंबी प्रक्रिया चलने और पेशी पर नहीं पहुंचने को लेकर विशेष न्यायधीश ने दिसंबर 2023 को राहुल गांधी के खिलाफ वारंट जारी कर दिया.
सोहराबुद्दीन शेख मुद्दे में सुनवाई कर रहे थे न्यायधीश लोया
बता दें कि जस्टिस लोया के बेटे ने अपने पिता की मृत्यु को नेचुरल कहा था. उच्चतम न्यायालय ने भी इसे सामान्य मृत्यु बताते हुए मुद्दे की SIT जांच से जुड़ी याचिका खारिज कर दी थी. जस्टिस बृजमोहन हरकिशन लोया की मृत्यु दिसंबर 2014 में नागपुर में हुई थी. उस वक्त वह अपने एक साथी की बेटी की विवाह में गए थे. न्यायधीश लोया गुजरात के बहुचर्चित सोहराबुद्दीन शेख मुठभेड़ मुद्दे की सुनवाई कर रहे थे. इसमें अमित शाह आरोपी थे.
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी सुल्तानपुर की एमपी/एमएलए न्यायालय में मंगलवार को भी पेश नहीं हुए. अमित शाह हेट स्पीच मुद्दे में न्यायालय ने 26 जुलाई को अगली तारीख दी है. न्यायधीश ने बोला कि यदि राहुल 26 जुलाई को सशरीर पेश नहीं हुए तो उन पर कार्रवाई की जाएगी.
26 जून को भी पेशी के दौरान राहुल न्यायालय नहीं पहुंचे थे. न्यायालय ने तब राहुल के वकील से पूछा था कि वह कहां हैं? वकील ने कहा था कि लोकसभा में स्पीकर पद का चुनाव है. इसलिए वह नहीं आ पाए.

