घाघरा नदी में फंसे 115 लोगों का हुआ सफल रेस्क्यू
उत्तर प्रदेश के बहराइच से बड़ी समाचार है। यहां घाघरा नदी की दूसरी तरफ फंसे 115 लोगों को जिला प्रशासन की टीम ने रेस्क्यू कर लिया। सभी लोगों को 14 घंटे की कड़ी मेहनत के बाद सकुशल रेस्क्यू कर लिया गया है। बता दें कि कल देर रात घाघरा नदी का जलस्तर अचानक बढ़ जाने के कारण सभी लोग नदी के दूसरी तरफ फंस गए थे। इसके बाद प्रशासन की टीम तुरंत हरकत में आ गई थी।

मोतीपुर तहसील के गिरिजापुरी क्षेत्र का मुद्दा है। जहां चहलवा गांव के लोग धान की रोपाई करने के लिए नदी के दूसरी तरफ अपने अपने खेत गए थे। रात में घाघरा नदी में अचानक पानी बढ़ने के कारण सभी लोग दूसरी तरफ फंस गए। जिसकी जानकारी चहलवा गांव के ग्राम प्रधान ने एसडीएम को दी। एसडीएम मोतीपुर संजय कुमार ने मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी मोनिका रानी से क्वाडीनेट करके रेस्क्यू टीम का गठन किया।टीम में एनडीआरएफ, पीएससी फ्लर्ट और सशत्र सीमा बल की टीम बनाकर रात में ही रेस्क्यू प्रारम्भ किया। देर रात तक इन टीमों ने 63 लोगों को रेस्क्यू कर लिया। रात में अधिक अंधेरा होने के कारण थोड़ी देर रेस्क्यू ऑपरेशन रोकना भी पड़ा, लेकिन सुबह होते ही बाकी फंसे लोगों को रेस्क्यू टीमों ने कामयाबी पूर्वक निकाल लिया। सुबह-सुबह डीएम मोनिका रानी मौके पर पहुंचीं और रेस्क्यू किये गए लोगों का हालचाल जाना।
डीएम मोनिका रानी ने सभी रेस्क्यू किये लोगों को बाढ़ राहत सामग्री वितरण करने की भी घोषणा की है। रेस्क्यू किये गए लोगों को सकुशल उनके घर भेज दिया गया है। बता दें कि बीती शाम नेपाल से अचानक छोड़े गए पानी के चलते नदी का जलस्तर बढ़ने से सभी लोग फंस गए। उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में बारिश की वजह से बाढ़ के हालात हैं। ऐसे में प्रशासन की टीमें लगातार अलर्ट मोड में हैं। बीते दिनों प्रदेश के लगभग 17 जिले बाढ़ की चपेट में आ गए थे। इसके बाद मुख्यमंत्री योगी ने प्रशासन को बाढ़ से बचाने के निर्देश दिये थे।

