फर्रुखाबाद के कंपिल से बदायूं को जोड़ने का सिलसिला हुआ खत्म
बदायूं में गंगा का जलस्तर बढ़ चुका है. आलम यह है कि फर्रुखाबाद जिले से यहां का संपर्क टूट चुका है. अटैना पुल होते हुए फर्रुखाबाद के कंपिल से बदायूं को जोड़ने का सिलसिला समाप्त हो चुका है. पुल के पार ढाई से तीन फीट तक पानी सड़क पर है. गंगा भी खतरे के निशान से 22 सेंटीमीटर से अधिक ऊपर बह रही हैं. हालांकि गांव खाली कराने जैसे हालात नहीं बने हैं.

गंगा दिनोंदिन उफान पर आ रही हैं. वजह है कि यहां नरौरा समेत बिजनौर और हरिद्वार से वाटर डिस्चार्ज लगातार बढ़ रहा है. जिले में दातागंज और सहसवान के अतिरिक्त सदर तहसील क्षेत्र के 30 से अधिक गांव बाढ़ की जद में आ चुके हैं. जिन गांवों को बाढ़ ने घेर लिया है, वहां आवागमन के लिए मोटरवोट समेत नावों की प्रबंध प्रशासनिक स्तर पर करा दी गई है. हालांकि डिस्चार्ज की यही स्थिति रही तो आने वाले दिनों में हालात भयावह हो जाएंगे.
शाहजहांपुर रोड भी बंद
मौजूदा समय में दातागंज तहसील क्षेत्र में हजरतपुर थाना क्षेत्र के गांव हर्रामपुर, नवादा, गढ़िया पैगंबरपुर, मौजमपुर आदि में सड़कों तक पानी भर गया है. नतीजतन शाहजहांपुर जाने के लिए गढ़िया रंगीन मार्ग अवरुद्ध हो गया है. सड़क पर दो से ढाई फीट पानी भर गया है.
इन गांवों में बढ़ा खतरा
दातागंज तहसील क्षेत्र के उसहैत क्षेत्र के गांव असमया रफतपुर, हिम्मतनगर बझेडा, सिठौली, भकरी, रैपुरा, कोनका नगला, चेतरामनगर समेत 14 गांवों में जलभराव के हालात बनने लगे हैं. इन हालात को देखते हुए आसपास के गांवों में उपस्थित सरकारी विद्यालयों को शरणालय बनाया गया है
फिर छोड़ा गया पानी
गंगा में नरौरा बैराज से 3 लाख 05 हजार 41 क्यूसेक पानी आज शाम को छोड़ा गया है. वहीं बिजनौर डैम से 1.42 लाख 652 क्यूसेक डिस्चार्ज हुआ है. इसके अतिरिक्त हरिद्वार से 95 हजार 581 क्यूसेक डिस्चार्ज हुआ है. गंगा का मीटरगेज फिलहाल 162.86 मीटर है. यह डिस्चार्ज कल दोपहर तक यहां पहुंच जाएगा.

